FCI Bribery Case
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    नयी दिल्ली. मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की राजधानी भोपाल (Bhopal) में घूस (Bribe) लेने के आरोप में भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) (FCI) के चार अधिकारियों की गिरफ्तारी के बाद चलाए गए तलाशी अभियान के दौरान सीबीआई ने तीन करोड़ रुपये से अधिक नकद, जेवरात और नोट गिनने की एक मशीन बरामद की है।

    एजेंसी के अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार चारों अधिकारियों को शनिवार को भोपाल में विशेष अदालत के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें दो जून तक सीबीआई हिरासत में भेज दिया गया। आरोपियों में मंडल प्रबंधक हरीश हिनोनिया, प्रबंधक अरुण श्रीवास्तव एवं मोहन पराते और प्रबंधक एवं सहायक किशोर मीणा शामिल हैं।

    सीबीआई के अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में एक कंपनी के लंबित बिलों के भुगतान के ऐवज में डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। आरोपियों ने जनवरी, फरवरी और मार्च के बिलों का भुगतान करने के ऐवज में प्रति माह के हिसाब से 50,000 रुपये की रिश्वत मांगी। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने भविष्य में भुगतान के लिए प्रति बिल 70,000 रुपये वसूलने की बात भी कही थी। शिकायत का सत्यापन कराने के बाद सीबीआई ने उस स्थान पर छापा मारकर आरोपियों को गिरफ्तार किया, जहां रिश्वत की रकम ली जानी थी।

    सीबीआई के प्रवक्ता आर सी जोशी ने कहा कि भोपाल में तलाशी के दौरान तीन करोड़ रुपये से अधिक नकद, एक किलोग्राम सोने एवं चांदी के जेवरात और नोट गिनने की एक मशीन बरामद हुई है। उन्होंने कहा कि यह रकम लकड़ी की अलमारी में छिपा कर रखी गई थी। जोशी ने कहा कि एजेंसी ने एक डायरी भी बरामद की है, जिसमें रिश्वत देने वाले लोगों की जानकारी भी दर्ज है।

    उन्होंने कहा, “बरामद की गई नकद राशि अलग-अलग लिफाफों में रखी गई थी। कुछ गड्डियों पर पार्टी का नाम, तारीख और रकम का ब्योरा लिखा हुआ है। बरामद डायरी में प्राप्त की गई नकद राशि से संबंधित विस्तृत विवरण लिखा है, जिसमें तारीख, पक्ष का नाम, रकम आदि दर्ज है।” (एजेंसी)