Bhupendra Yadav

नयी दिल्ली. भाजपा महासचिव भूपेंद्र यादव ने ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (जीएचएमसी) चुनाव में पार्टी के प्रदर्शन को “नैतिक जीत” बताते हुए शुक्रवार को कहा कि भगवा पार्टी तेलंगाना में टीआरएस की “एकमात्र विकल्प” के रूप में उभरी है। मतगणना जारी है और ताजा रूझानों के मुताबिक राज्य में सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) 60 से अधिक सीटों पर जीत हासिल कर चुकी है, या आगे चल रही है।

वहीं, भाजपा 43 सीटें और एआईएमआईएम 42 सीटें जीत चुकी है या उन पर बढ़त बनाए हुए है। चुनाव के अब तक के परिणाम में कांग्रेस दो सीटें हासिल करने में सफल रही है। मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव नीत टीआरएस ने चार साल पहले हुए चुनाव में 150 वार्डों में 99 में जीत हासिल की थी, जबकि भाजपा सिर्फ तीन सीटें ही जीत सकी थी।

भूपेंद्र ने कहा कि भाजपा के प्रदर्शन ने इस बात की पुष्टि की है कि वह टीआरएस को मुख्य चुनौती देने वाली पार्टी के तौर पर कांग्रेस की जगह ले रही है। भगवा पार्टी ने 2019 के लोकसभा चुनाव में राज्य में चार सीटें जीती थी और फिर डुब्बका विधानसभा उपचुनाव में उसने सत्तारूढ़ दल को शिकस्त दी थी।

हैदराबाद में स्थानीय चुनावों के लिए प्रभारी नियुक्त किए गए भूपेंद्र ने कहा, “(चुनाव) परिणाम बहुत ही उत्साहवर्द्धक हैं, भाजपा का मनोबल बढ़ाने वाले हैं तथा एक तरह से यह पार्टी के लिए नैतिक जीत है। (चुनाव) परिणाम से यह प्रदर्शित होता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नेतृत्व और सुशासन के उनके मॉडल की सभी क्षेत्रों में स्वीकार्यता है।” यह पूछे जाने पर कि 2022 में होने वाले तेलंगाना विधानसभा चुनाव के परिप्रेक्ष्य में वह स्थानीय चुनाव परिणाम को किस तरह से देखते हैं, उन्होंने कहा, “भाजपा राज्य में सत्तारूढ़ टीआरएस की एकमात्र विकल्प और उसकी मुख्य प्रतिद्वंद्वी के तौर पर उभरी है।”

उन्होंने कहा कि पार्टी के प्रदर्शन से यह भी प्रदर्शित होता है कि जनता ने वंशवाद की राजनीति के खिलाफ और टीआरएस के भ्रष्टाचार के खिलाफ अपना जनादेश दिया है। भाजपा ने अपने एक मुख्य चुनाव प्रबंधक, भूपेंद्र, को नियुक्त कर इस चुनाव में अपनी पूरी ताकत झोंक दी थी। भाजपा की ओर से केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी चुनाव प्रचार किया था।