कोरोना महामारी पर मनपा ने खर्च किए गए 25 करोड़

  • खर्च संकेत स्थल पर प्रकाशित नहीं करने से लोगों में आश्चर्य

नाशिक. कोरोना संक्रमण की पार्श्वभूमि पर राज्य सरकार ने नियुक्त किए गए नोडल अधिकारी (जिलाधिकारी) और मनपा आयुक्त को विशेष अधिकार दिए हैं. साथ ही मनपा में 25 लाख रुपए तक खर्च करने के लिए मनपा आयुक्त को अधिकार दिए हैं.

कोरोना की रोकथाम के लिए महासभा व स्थायी समिति से कोरोना के अधिकांश कार्य के खर्च के लिए मंजूरी दी गई है. इस प्रकार से कोरोना के लिए मनपा प्रशासन के माध्यम से अब तक करीब 25 करोड़ रुपए का खर्च किया गया है. यह खर्च प्रशासन के माध्यम से अब तक संकेत स्थल पर प्रकाशित नहीं करने से आश्चर्य व्यक्त किया जा रहा है.

राज्य में कोरोना से लड़ने के लिए आपदा व्यवस्थापन कानून 2005 व संक्रमण बीमारी प्रतिबंधक कानून 1897 के तहत राज्य सरकार ने कोरोना का संक्रमण रोकने के लिए प्रतिबंधात्मक उपाय योजना करने के लिए स्थानीय जिलाधिकारी व मनपा आयुक्त को विशेष अधिकार दिए हैं. इसके अनुसार नाशिक महानगर पालिका क्षेत्र में  नोडल अधिकारी की ओर से कोरोना संक्रमण रोकने के लिए विविध उपाय योजनाएं की जा रही हैं. इससे मनपा क्षेत्र में कोरोना संक्रमण रोकने के लिए मदद मिली.

कोरोना संक्रमण रोकने के लिए मनपा अस्पताल, शहर के स्वास्थ्य केंद्र, कोविड केयर सेंटर, कोविड अस्पताल के विस्तारीकरण, यहां पर आवश्यक साधन सामग्री, विद्युतीकरण, इंटरनेट, सीसीटीवी, अस्पताल फर्नीचर, गैस पाइप लाइन, दवाइयां-मशीनरी खरीदी, एंटीजेन टेस्ट किट खरीदी आदि विविध कार्य अब तक किए गए हैं. मानधन के आधार पर डॉक्टर व पैरामेडीकल कर्मियों की भर्ती, ऑक्सीजन टैंक, काम चलाऊ कोविड केयर सेंटर, हेल्थ सेंटर का निर्माण, कोविड सर्वे, फिवर क्लीनिक सहित अन्य उपक्रम तथा प्रादुर्भाव रोकने के लिए जनजागृति आदि कार्य मनपा के माध्यम से विविध स्तर पर किए गए.

इस प्रकार मनपा के माध्यम से 7-8 महीने में करीब 25 करोड़ रुपए का खर्च होने की जानकारी सामने आई है. इसमें डायग्नोस्टिक, सर्वे, करोना किट के लिए करीब 5-6 करोड़ रुपए का खर्च हुआ. कोरोना संदिग्ध और कोरोना मरीजों के उपचार पर 15 करोड़ रुपए खर्च होने की बात कही जा रही है. कोविड केयर सेंटर, कोविड हेल्थ सेंटर और कोविड अस्पताल की बुनयादी सुविधा के लिए 4 से 5 करोड़ का खर्च हुआ.

अब तक मनपा प्रशासन ने कुल कितना खर्च किया है, इस संदर्भ में अधिकृत खर्च के आंकड़े मनपा के संकेत स्थल पर प्रकाशित नहीं हैं. कोरोना कि पार्श्वभूमि पर नागरिकों की मदद के लिए संकेत स्थल पर अत्याधुनिक स्वरूप में जानकारी उपलब्ध करते हुए प्रशासन पूरा खर्च अपटेड करने के लिए नजर अंदाज कर रहा है.