garbage, nagpur

    • सब्जी बाजारों की भी स्थिति बिगड़ी

    अकोला. इस समय शहर के सभी क्षेत्रों में गंदगी देखी जा रही है. पिछले कुछ दिनों से शुरू रिमझिम बारिश ने इस गंदगी को और बढ़ा दिया है. बड़ी मुश्किलों के बाद अब कोरोना की दूसरी लहर समाप्ति की ओर है. लेकिन इस गंदगी के कारण लोगों की चिंताएं काफी बढ़ती जा रही हैं. इस समय शहर के मुख्य मार्गों के साथ साथ पुराना शहर की अनेक बस्तियों, तिलक रोड इसी तरह तेलीपुरा चौक, ताजनापेठ, शरद बोस मार्ग इसी प्रकार रामदासपेठ, जठारपेठ, राउतवाड़ी के साथ साथ मलकापुर रोड, मंगरुलपीर रोड पर स्थित छोटी छोटी बस्तियों में भी गंदगी देखी जा सकती है.

    सभी क्षेत्रों की हालत फिलहाल खराब है. उस पर बारिश के कारण अनेक खुले प्लाटों में भी बारिश का पानी जमा हो गया है. जिसके कारण मच्छरों की संख्या में दिन प्रतिदिन वृद्धि हो रही है. अनेक क्षेत्रों में सर्विस गलियों की सफाई न होने से वहां पर बड़े बड़े पेड़ उग आए हैं. स्थिति किसी भी क्षेत्र की अच्छी नहीं है. सभी जगह गंदगी बढ़ती जा रही है. पिछले कुछ दिनों में शहर की स्थिति काफी खराब हो गयी है. 

    सभी बाजारों की स्थिति खराब

    शहर में तो गंदगी फैली ही है उससे भी बेकार स्थिति शहर के सब्जी बाजारों की हो रही है. मुख्य सब्जी बाजार जनता बाजार में भी इस समय स्थिति बहुत खराब है. इस सब्जी बाजार के कुछ क्षेत्र तो ऐसे हैं की वहां पर नाक पर रुमाल रखकर सब्जी खरीदनी पड़ती है. यहां भी साफ सफाई की नियमित तथा समुचित व्यवस्था न होने के कारण हालत खराब हुई है. इस जनता सब्जी बाजार में नियमित रूप से हजारों लोग सब्जी खरीदने के लिए आते हैं. लेकिन इस ओर भी मनपा प्रशासन का ध्यान नहीं है. इसी प्रकार की स्थिति पुराने सब्जी बाजार की भी है. इसी तरह पुराना शहर में स्थित दोनों सब्जी बाजारों में गंदगी है.

    अकोट फैल सब्जी बाजार की स्थिति भी खराब है. जठारपेठ सब्जी बाजार की स्थिति भी अन्य सब्जी बाजारों से अलग नहीं है. यहां भी अनेक सब्जी विक्रेता सब्जी बाजार को छोड़ कर सड़क पर डेरा लगाए हुए हैं. इसलिए मुख्य मार्ग पर भी गंदगी है. इसी तरह सिंधी कैम्प सब्जी बाजार में भी काफी गंदगी देखी जा सकती है. जबकि देखा जाए तो शहर के सभी सब्जी बाजारों में नियमित रूप से समुचित सफाई होनी चाहिए. लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है. 

    चर्चा और बैठक के बाद भी हल नहीं

    इस बारे में शिवसेना पार्षद राजेश मिश्रा तथा कांग्रेसी पार्षद डा.जीशान हुसैन ने कई बार आवाज उठाई है. अकोला मनपा कार्यालय के प्रांगण में कचरा लाकर डाला, इसके बावजूद भी समस्या हल नहीं हुई है. हाल ही में सत्ताधारी भाजपा के पार्षदों तथा मनपा पदाधिकारियों ने प्रभारी आयुक्त नीमा अरोरा से गंदगी की समस्या हल करने के लिए चर्चा की. तब भी अभी तक साफ सफाई में कोई तेजी नहीं आयी है. मनपा की प्रभारी आयुक्त ने क्षेत्रीय अधिकारियों की बैठक ली तथा निजी स्तर के आठ और ट्रैक्टर गंदगी उठाने के लिए लगाए गए.

    इसी तरह और 45 सफाई कामगार देने का भी निर्णय लिया गया है. लेकिन अभी तक विशेष कुछ भी नहीं हो सका है. मनपा आयुक्त के साथ पार्षद तथा महानगर भाजपाध्यक्ष विजय अग्रवाल, महापौर अर्चना मसने, स्थायी समिति के सभापति संजय बडोणे, उप महापौर राजेंद्र गिरी आदि ने भी चर्चा की, फिर भी अभी भी शहर की स्थिति पहले के समान ही है. यदि शीघ्र ही युद्ध स्तर पर साफ सफाई नहीं की गयी तो किसी बीमारी के फैलने की संभावना से इन्कार नहीं किया जा सकता है.