Elephant Terror

    गोंदिया. बेमौसम बारिश व किड रोग से किसानों पर पहले ही हाथ में आई फसल गमाने की नौबत आ गई. इससे जैसे तैसे संवरते हुए शेष रह गई फसल से वर्ष भर परिवार का जीवन निर्वाह किया जाएगा. इस अपेक्षा के साथ किसान पुन: खडा हो रहा था लेकिन इसी दौरान हाथियों के झुंड ने पिछले 5 दिनों से अर्जुनी मोरगांव तहसील के केशोरी, उमरपायली, केलवद, प्रतापनगर, बुटाई, जांभडी, गंधारी, कनेरी, चिचोली व खोकरी आदि परिसर के खेतों में धान फसलों का बड़े पैमाने पर नुकसान किया. जिससे पहले निसर्ग ने और अब हाथियों के झुंड ने किसानों के मुंह से निवाला छिन लिया है.

    उल्लेखनीय है कि पिछले महिने गड़चिरोली जिले से हाथियों का झुंड गोंदिया जिले में दाखिल हुआ था इस झुंड ने अर्जुनी मोरगांव तहसील के नागणडोह गांव में बडे पैमाने पर आतंक मचाकर नुकसान किया था. जिससे इस गांव के ग्रामीणों को बोरटोला ले जाया गया था. इसके बाद यह हाथी गड़चिरोली जिले में लौट गए थे लेकिन पिछले कुछ दिनों से वे पुन: अर्जुनी मोरगांव तहसील में दाखिल हो गए है.

    इस झुंड ने उमरवायली, जांभडी, पालांदुर, चिमणटोला इन गांवों में और खेत परिसर में आतंक मचाकर कटाई किए धान व मलणी के लिए ढेर बनाकर रखी गंजियों का बडे़ पैमाने पर नुकसान किया है. इसी में  यह हाथी केशोरी से कनेरी , केलवद, खोकरी, जांभडी क्षेत्र में दाखिल हुए. इनके झुंड ने केलवद स्थित किसान तुकाराम  गोटाफोडे के खेत में घर की तोड़फोड़ की है. इसी तरह धान का भी नुकसान किया है. वहीं कनेरी स्थित नरेश शेंडे, कोमल शेंडे, राकेश सियरामे के खेती की खडी धान की फसलों को तहस नहस कर दिया. जिससे इन किसानों पर हाथ में आई फसल गमाने की नौबत आ गई है. 

    वन विभाग की उड़ी नींद 

    हाथियों का झुंड अर्जुनी मोरगांव तहसील के अलग अलग परिसर में हर दिन हाजरी लगा रहा है. वन विभाग के कर्मचारी एक क्षेत्र से गस्त कर रहे होते है तो झुंड दूसरे क्षेत्र में नुकसान कर रहा है. यह सब पिछले अनेक दिनों से चल रहा है. जिससे वन विभाग के कर्मचारियों की नींद उड गई है. इसी बीच वन विभाग ने इस परिसर में रात्री की गस्त पुन: बढ़ा दी है.