सांगली जिले में इसेरा बायोलॉजिकल कंपनी ने एन्टी कोविड वैक्सीन किया इजाद!

    कोल्हापुर. दुनियाभर में मौत का तांडव कर रहे कोरोना पर सांगली जिले के शिराला तहसील क्षेत्र में इसेरा बायोलॉजिकल कंपनी (Isera Biological Company) ने एंटी कोविड सिरम वैक्सीन (Covid Vaccine) इजाद की है। जिससे कोरोना मरीजों (Corona Patients) को काफी राहत मिलनेवाली है क्योंकि इस वैक्सीन के एक या दो टीके लगाने के बाद मरीज कोरोना की जानलेवा बीमारी से जल्दी ठीक हो सकता है, ऐसा दावा कंपनी कर रही है। इस वैक्सीन को जानवरों पर ट्रायल के रूप में उपयोग में लाया गया है, जो सफल हुआ है। अब केवल मानवी शरीर में वैक्सीन का टीका लगाकर कोरोना पर किस तरह काबू पा सकते हैं यह देखना बाकी है। इसीलिए केवल आईसीएमआर की परमिशन की प्रतिक्षा में कंपनी के रिसर्चर लगे हुए हैं।

    वैक्सीन के संशोधन में और प्रोडक्शन में पश्चिम महाराष्ट्र में पुणे ने बाजी जीत ली है। उसके बाद अब कोरोना पर वैक्सीन का निर्माण कर पश्चिम महाराष्ट्र में सांगली ने दुनिया को भारी राहत देनेवाली खबर दी है।  सांप, बिच्छू के काटने या रेबिज पर अत्यंत प्रभावी दवा का निर्माण किये जाने के बाद सांगली के तहसील शिराला में स्थित इसेरा बायोलाॅजिकल कंपनी एन्टी कोरोना वैक्सीन ढूंढ़ने में सफलता प्राप्त कर पाई है। पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट इसेरा की नालेज पार्टनर है।

    संशोधन के लिए कई प्रयोग किये जा चुके 

    इसेरा ने वैक्सीन पर अब तक संशोधन के लिए कई प्रयोग किये जा चुके हैं। वैक्सीन के निर्माण के बाद इसका जानवरों पर प्रयोग किया गया है। इस प्रयोग की सफलता के बाद अब मानव शरीर में इस वैक्सीन का टीका लगाने और इसकी उपयोगिता जांचने के लिए आईसीएमआर की परमिशन जरूरी है। इस परमिशन से  पूरे देश को राहत मिलेगी। इसलिए हातकणंगले लोकसभा चुनाव क्षेत्र के सांसद धैर्यशील माने सरकारी स्तर पर प्रयत्न करते दिखाई दे रहे हैं। इस वैक्सीन के तीन लाख व्हाइल तैयार हैं। आईसीएमआर की परमिशन मिलते ही इस वैक्सीन का उत्पाद बढ़ाया जाएगा, ऐसी जानकारी इसेरा बायोलॉजीकल कंपनी के डाइरेक्टर डॉ. दिलीप कुलकर्णी ने दी।