Farmers have thousands of quintals of cotton, demand to speed up procurement process

हिंगनघाट. समर्थन मूल्य में किसानों द्वारा उत्पादित कपास बिक्री के लिए किसानों के नामों का पंजीयन स्थानीय कृषि उत्पन्न बाजार समिति के माध्यम से करना अनिवार्य किया गया है. बाजार समिति ने 11 सितम्बर से कपास उत्पादक किसानों का पंजीयन का काम शुरू किया. 23 सितम्बर  बुधवार तक कुल 8719 किसानों ने कपास बिक्री के लिए अपना नाम पंजीयन करवाया है. कोरोना के इस संक्रमण समय में किसानों की भीड ना हो इसके लिए हिंगनघाट, वडनेर, कानगांव में किसानों को पंजीयन की व्यवस्था कराई  है.

पंजीयन के लिए किसानों को कपास फसल का बुआई का सातबारा, आधारकार्ड, पासबुक, आईएफसी कोड तथा मोबाइल नंबर देना अनिवार्य किया गया है. कपास उत्पादक किसान अपने नामों का पंजीयन 31 अक्टूबर 2020 तक कर सकते है. तहसील में बाजार समिति के अंतर्गत कुल 188 गांव आते हैं. इस बार केंद्र सरकार ने कपास की आधारभूत की किमत 5825 रुपए  प्रति क्विंटल रखी है जबकि हल्के दर्जे के कपास का मूल्य 5515 रखा है. पिछले आर्थिक वर्ष में  कपास का मूल्य 5550 था.