134 प्रकल्पों में 97 सूखे,  डेंजर जोन में आया वाशिम जिला

वाशिम. जिले के तीन मध्यम व 131 लघु जलप्रकल्प को मिलाकर कुल 134 जलप्रकल्पों में अब केवल 7 प्रतिशत से भी कम जलसंचय शेष रहा है़ 134 जलप्रकल्पों में से 97 जलप्रकल्प सूख जाने से वाशिम जिला पानी को लेकर

वाशिम. जिले के तीन मध्यम व 131 लघु जलप्रकल्प को मिलाकर कुल 134 जलप्रकल्पों में अब केवल 7 प्रतिशत से भी कम जलसंचय शेष रहा है़ 134 जलप्रकल्पों में से 97 जलप्रकल्प सूख जाने से वाशिम जिला पानी को लेकर डेंजर जोन में आ गया है़ गंभीर पानी समस्या वाले गांवों में जलसमस्या से निपटाने के लिए उपाय योजना शुरू हुई है़ लेकिन इसमें समय लगने के कारण जलसमस्या हल होने की जगह पर अधिक गंभीर हो रही है़

प्रतिवर्ष की तुलना में इस वर्ष वाशिम जिले में तापमान अधिक है़ बढ़ते तापमान के कारण जिले के जलप्रकल्पों का जलस्तर तेजी घटता गया है़ जलसंपदा विभाग से प्राप्त आंकडे के अनुसार वर्तमान स्थिति में मालेगांव तहसील के सोनल मध्यम जलप्रकल्प सूखने की कगार पर पंहुच गया है़ वाशिम के एकबुर्जी जलप्रकल्प में 13, तो कारंजा तहसील के अडाण जलप्रकल्प में 12 प्रतिशत जलसंचय शेष रहा है़

B-31 लघु जलप्रकल्पों का जलस्तर शून्य पर पहुंचा
लघु जलप्रकल्पों में उपलब्ध जल की स्थिति अति गंभीर होकर वाशिम तहसील के 35 लघु जलप्रकल्पों में केवल 3 प्रतिशत जलसंचय शेष रहा है़ इनमें बोराला, शेलगांव ,फालेगांव व पंचाला इन चार जलप्रकल्पों को छोड दिया जाए तो अन्य 31 जलप्रकल्पो का जलस्तर शुन्य पर पंहुच गया है़ मालेगाव तहसील के 23 जलप्रकल्पों केवल 3.50 प्रतिशत जलसंचय शेष होकर 5 जलप्रकल्प छोड़कर अन्य 18 जलप्रकल्प का जलस्तर शून्य प्रतिशत रहा है़ रिसोड तहसील के 18 लघु जलप्रकल्पों में से 3 जलप्रकल्पो में 3.25 प्रतिशत जलसंसचय है.

अन्य 15 जलप्रकल्प शून्य जलस्तर है़ मंगरुलपीर तहसील में 15 जलप्रकल्प है. 2 प्रकल्पों में 3 प्रतिशत जलसंग्रह शेष है़ तो अन्य सभी 13 प्रकल्प सूख गए है़ मानोरा तहसील में 24 लघु जलप्रकल्पों में से 9 जलप्रकल्पों में 10 प्रतिशत जलसंग्रह शेष होकर उर्वरीत जलप्रकल्प पूरी तरह सूख गए है़ जिले के पांच तहसीलों की तुलना में कांरजा तहसील के जलप्रकल्पों की स्थिति कुछ प्रमाण में बेहतर है. 16 जलप्रकल्पों में से 9 प्रकल्पों में औसतन 17 प्रतिशत जलसंचय है़ अन्य 7 जलप्रकल्पों का जलस्तर शुण्य पर पंहुच गया है़ कुल पानी उपलब्धता के बाबत वाशिम जिले के सभी तहसील कम ज्यादा के फरक से डेंजर झोन में आ गए है़ं प्रादेशिक जलापूर्ति योजना समेत अन्य जलआपूर्ति योजना ओपर भारी परिनाम हुवा है़

10 दिनों बाद की जा रही जलापूर्ति
आनेवाले बारिश मौसम तक पानी मिलने के उद्देश्य से प्रशासन की ओर से जल आपूर्ति पर कैची लगायी जाकर शहर में 10 दिनों के बाद एक बार जलआपूर्ति की जा रही है़ ग्रामीण भागों में केवल 16 टैंकर से जलापूर्ति की जा रही है़