China's stance on America and four other countries 'Five Eyes'- will make the eyes blind

बीजिंग: चीन (China) ने हांगकांग (Hong Kong) को लेकर अपनी नीति की अमेरिका (America) और उसके सहयोगी देशों द्वारा की गई आलोचना को खारिज करते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि उन्हें इस ”सच्चाई को स्वीकार करना चाहिये” कि चीन इस पूर्व ब्रिटिश कॉलोनी (British Colony) को वापस पा चुका है।

चीन के विदेश मंत्रालय (Chinese Foreign Ministry) के प्रवक्ता झाओ लिजियान ने अमेरिका (America), ब्रिटेन (Britain), ऑस्ट्रेलिया (Australia), कनाडा (Canada) और न्यूजीलैंड (New Zealand) द्वारा हांगकांग के बारे में दिये गए बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए यह बात कही। इन पांचों देशों ने आपस में खुफिया साझेदारी कर रखी है, जिसे ‘फाइव आइज़’ (Five Eyes) यानी पांच आंखें कहा जाता है।

लिजियान ने अपनी दैनिक ब्रीफिंग में कहा, ”उनकी पांच आखें हैं या दस, इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। अगर वे चीन की संप्रभुता, सुरक्षा और विकास संबंधी हितों को नुकसान पहुंचाने की हिमाकत करते हैं तो उन्हें अपनी आंखों को लेकर सावधान रहना चाहिए जिन्हें फोड़कर उन्हें अंधा किया जा सकता है।”

गौरतलब है कि पांचों देशों के विदेश मंत्रियों ने कहा है कि हांगकांग के लोकतंत्र समर्थक चार सांसदों को अयोग्य करार देने से संबंधित चीन सरकार का नया प्रस्ताव ”सभी आलोचकों की आवाज दबाने के सोचे-समझे अभियान” का हिस्सा प्रतीत होता है। इन देशों के संयुक्त बयान में प्रस्ताव को चीन की अंतरराष्ट्रीय बाध्यताओं और हांगकांग को उच्चस्तरीय स्वायत्तता तथा अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता प्रदान करने के उसके वादे का उल्लंघन बताया गया है।

ब्रिटेन ने लगभग 75 लाख की आबादी वाले हांगकांग शहर को 1997 में एक समझौते के तहत चीन को वापस सौंप दिया था, लेकिन समझौते में शर्त रखी गई थी कि 50 वर्ष बाद स्थानीय मामलों में हांगकांग को स्वायत्ता प्रदान की जाएगी।