Yavatmal Airport

यवतमाल. यवतमाल का हवाईअड्डा रिलायंस के कब्जे में है. महाराष्ट्र औद्योगिक विकास महामंडल (एमआईडीसी) ने उसे अपने कब्जे में लेने के लिए कार्रवाई अभितक पूर्ण नही की. इसलिए पिछले कई वर्षों से यह मामला प्रलंबित है. 2015 के अक्टूबर माह में तत्कालीन वित्तमंत्री सुधीर मुनगंटीवार ने महामंडल को निर्देश दिए थे की यवतमाल का हवाई अड्डा रिलायंस से वापिस लें. लेकिन अबतक यह प्रक्रिया पूर्ण नही हुई है.

यवतमाल के हवाईअड्डा आधुनिकीकरण के लिए पांच वर्ष पहले बीजेपी के सत्ताकाल में सभा संपन्न हुई. इस सभा में तत्कालीन उद्योगमंत्री प्रविण पोटे, स्थानीय विधायक मदान येरावार उपस्थित थे. लेकिन हवाई अड्डे का आधुनिकीकरण तो दूर की बात है ,वहां पर समस्याएं भी जस की तस है. अन्य हवाईअड्डों के साथ आधुनिकीकरण के लिए जमीन संपादीत कर आधुनिकीकरण करना यह भी सरकार का प्रस्ताव था. इस पर भी कुछ अमल नही होने की जानकारी है. हवाई अड्डे पर पोच मार्ग का निर्माण, मार्ग के दोनों बाजू में पौधारोपण, वॉलकंपाउंड का निर्माण, टर्मिनल इमारत की मरम्मत एवं वॉलकंपाउंड का निर्माण करने का काम भी सही ढंग से नही हुआ. इस काम के बारे में बीजेपी सरकार के समय में टेंडर निकालने का  निर्णय लिया गया था. मगर हवाईअड्डे पर पूरी तरह से सुविधा उपलब्ध नही कराई गई. 

नही है नाईटलैंडिंग की सुविधा

स्थानीय हवाईअड्डे पर नाईटलैंडिंग की सुविधा नही होने से सन 2001-02 में अभिनेता संजय दत्त को दोपहर को ही लौटना पड़ा था. यवतमाल में अभिनेता संजय दत्त का कार्यक्रम पोस्टल ग्राउंड पर रखा गया था. इस कार्यक्रम के लिए अभिनेता संजय दत्त यहा के हवाई अड्डे पर दोपहर 1 बजे के दौरान आए थे. हवाई अड्डे पर नाईटलैंडिंग की सुविधा नही होने से उन्हे सभा को जल्द ही निपटाना पड़ा था.नेताओं समेत यात्री भी दिन में ही हवाई सफर करने को प्राथमिक्ता देते है.