Farmers protest

अकोला. किसानों के सम्मान में महाराष्ट्र मैदान में इस नारे से दिल्ली के पास स्थित पलवल बॉर्डर जहां पर किसान आंदोलन शुरू है. पूरा क्षेत्र गूंज उठा है. जब महाराष्ट्र भर से किसान वहां पहुंचे तो यह नारा गूंजने लगा. यह जानकारी आज किसान विकास मंच के संयोजक अविनाश देशमुख ने सिविल लाइन चौक पर स्थित स्वागत मंडप में पत्रकार परिषद में दी. उन्होंने बताया कि अकोला जिले से करीब डेढसौ लोगों ने इस आंदोलन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई. जिसमें 35 महिलाओं का भी समावेश है.

हम लोगों ने वहां जाकर केंद्र सरकार द्वारा जारी किए गए काले कानून को रद्द करने के लिए निदर्शन किया तथा किसान आंदोलन को अपना पूरा समर्थन घोषित किया. इस आंदोलन का नियोजन कर रहे जीत सिंह, जगन चौधरी, बलराज सिंह, महेंद्रसिंह चौहान से मुलाकात कर उनसे चर्चा की. इस अवसर पर जत्थेदार राजा राजसिंह व अर्बन खर्बन इनसे भी मुलाकात की. इस अवसर पर आंदोलन की जिम्मेदारी संभाल रहे रंजीतसिंह, आजाद किसान डोयब, मानसिंह, बाबा जोड़ोजी ने अकोला के लोगों का स्वागत किया.

भीषण ठंड में हम लोग वहां पहुंचे लेकिन वहां आंदोलनकारियों का उत्साह देखते ही बनता था. अविनाश देशमुख ने बताया कि दिल्ली में यह किसान आंदोलन सिर्फ पंजाब और हरियाणा तक सीमित नहीं रहा. वह देशव्यापी आंदोलन हो गया है. उन्होंने बताया कि करीब 60 से अधिक लोग इस आंदोलन में शहीद हुए हैं लेकिन केंद्र सरकार का ध्यान इस ओर नहीं है.

आंदोलनकारियों का कहना है कि जब तक यह काले कानून वापस नहीं होंगे तब तक आंदोलन चलेगा. अविनाश देशमुख ने कहा कि फिलहाल तो सुप्रिम कोर्ट ने केंद्र सरकार के कृषि कानून पर स्टे दिया है. किसान मंच के दूसरे संयोजक विवेक पारसकर ने भी जानकारी दी. इस अवसर पर पूर्व विधायक लक्ष्मणराव तायड़े, डा.सुभाषचंद्र कोरपे, फजलू पहलवान, श्रीकांत पिसे पाटिल, राजू पाटिल, आलमगीर खान, अमोल नलकांडे, मनीषा महल्ले, सुनीता धुरंधर, बबीता लुले, गीता अहिरे, पुष्पा देशमुख आदि प्रमुखता से उपस्थित रहे. 

देशमुख का कार्य सराहनीय -लक्ष्मणराव तायड़े

संयोजक अविनाश देशमुख अकोला जिले से करीब 150 लोगों को लेकर दिल्ली गए और किसान आंदोलन को अपना समर्थन दिया, यह उनका सराहनीय उपक्रम है. यह विचार पूर्व विधायक लक्ष्मणराव तायड़े ने प्रकट किए. अकोला जिले से जो लोग आंदोलन में शामिल होने के लिए दिल्ली गए थे उनके सत्कार कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में लक्ष्मणराव तायड़े बोल रहे थे. इस अवसर पर पुष्पा देशमुख, श्रीकांत पाटिल पिसे, फजलू पहलवान के हाथों दिल्ली जानेवालों को सम्मानपत्र देकर सम्मानित किया गया.