49% reduction in maximum power demand of Delhi during lockdown

लाखनी (सं). लॉकडाउन के सभी चरणों में आए बिजली बिल माफ करने की मांग लाखनी तहसील राकां की ओर से की गई. इस मांग के लिए राकां की ओर से तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा गया.

ठप था कामकाज
कोरोना महामारी के प्रादुर्भाव के कारण देश में लॉकडाउन किया गया था. यह लॉकडाउन महाराष्ट्र के अन्य हिस्सों की तरह भंडारा में भी था. लॉकडाऊन के कार्यकाल में कामकाज पूरी तरह से ठप होने की वजह से सभी के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है. ऐसे में लॉकडाऊन की पूरी समयावधि में जितना भी बिजली बिल आया है, उसे माफ करने की मांग की गई है. 

सभी पर छाया संकट
हाथ में काम नहीं होने के कारण मजदूरों, कर्मचारियों, व्यापारियों, शिक्षकों सभी के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है. कोरोना का संकट अभी टला नहीं है. काम पर नहीं जाने की वजह से वेतन में कटौती होने की स्थिति में परिवार का खर्च उठाना मुश्किल हो रहा है. ऐसे में बिजली का भारी भरकम बिल भरना लोगों के लिए संभव नहीं है. तहसीलदार को ज्ञापन सौंपने वालों में राकां तहसील अध्यक्ष विकास गभने, शहर अध्यक्ष थनू व्यास, ओबीसी सेल प्रमुख नागेश पाटिल वाघाये आदि का समावेश था.