जिगांव प्रकल्प के लिए 13,874 करोड़ की राशि का प्रावधान

बुलढाना. देवेंद्र फडणवीस मंत्रिमंडल ने बुधवार को कुछ महत्वपूर्ण फैसले लिए. इनमें से सबसे महत्वपूर्ण निर्णय पूर्व विदर्भ के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण जिगांव प्रकल्प का रहा, इससे पहले ही केंद्र सरकार

बुलढाना. देवेंद्र फडणवीस मंत्रिमंडल ने बुधवार को कुछ महत्वपूर्ण फैसले लिए. इनमें से सबसे महत्वपूर्ण निर्णय पूर्व विदर्भ के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण जिगांव प्रकल्प का रहा, इससे पहले ही केंद्र सरकार की बलीराजा जलसंजीवनी योजना में इसे शामिल किया गया. इससे बुलढाना और अकोला जिलों के सर्वांगीण विकास को गति मिलेगी. इस परियोजना से बुलढाना की 6 और अकोला की 2 तहसीलों के 87,580 हेक्टेयर क्षेत्र सिंचाई के तहत आ जाएंगे. इससे दोनों जिलों के 287 गांवों को लाभ मिलेगा.

नाशिक में चलेगी मेट्रो
नाशिक में मेट्रो चलाने का फैसला भी महत्वपूर्ण है. इसके लिए 2100 करोड़ रु. की राशि का प्रावधान किया जाएगा. नाशिक और आसपास के क्षेत्र की बढ़ती जनसंख्या को देखते हुए यह फैसला किया गया है. इसके तहत गंगापुर से नाशिक रोड रेलवे स्टेशन तक मुख्य मेट्रो मार्ग क्रमांक 1 में निर्माण किया जाएगा, जिसकी लंबाई 22.5 किमी होगी और इसमें 20 स्टेशन रास्ते में आएंगे. गंगापुर से मुंबई नाके तक के मेट्रो मार्ग क्रमांक 2 की लंबाई 10.5 किमी होगी और इसमें 10 स्टेशन होंगे. इसके अलावा मुंबई नाका से सातपुर कालोनी तक 11.5 किमी और नाशिक स्टेशन – नांदुर नाका मार्ग से शिवाजी नगर तक 14.5 किमी तक का मार्ग तय किया गया है. इस तरह कुल मिलाकर 26 किमी का पूरक मार्ग तैयार किया जाने वाला है. मुख्य 33 किमी की मेट्रो लाइन बिजली से संचालित होगी जबकि 26 किमी की लाइन पर बैटरी से संचालन होगा.

आश्रमशालाओं में इंग्लिश मीडियम से शिक्षा
एक अन्य महत्वपूर्ण फैसले में आदिवासी विकास विभाग की 50 आश्रमशालाओं का अंग्रेजी-सेमी इंग्लिश में रुपांतरण होगा. इन स्कूलों में 2019 – 20 से पहली से छठवीं कक्षा तक अंग्रेजी मीडियम की क्लास और 6वीं से विज्ञान और गणित की पढ़ाई अंग्रेजी में होगी. सरकारी आश्रमशालाओं के लिए स्वीकृत पदों की संख्या की सीमा में सरकारी आश्रमशालाओं का रूपांतरण आवश्यकनुसार सेमी या फुल इंग्लिश मीडियम में किया जाएगा. सभी स्कूलों का संचालन महाराष्ट्र ट्राइबल पब्लिक स्कूल सोसाइटी को सौंपा जाएगा.

बहिणाबाई चौधरी अध्ययन केंद्र की स्थापना
जलगांव की कवियित्री बहिणाबाई चौधरी के नाम पर उत्तर महाराष्ट्र विवि में केंद्र स्थापित होगा. उनके साहित्य को वैश्विक स्तर पर पहुंचाया जाएगा. इसके अलावा खानदेश के साहित्य , संस्कृति और अध्ययन सहित महिला सक्ष्मीकरण के लिए विभिन्न उपक्रम आयोजित किए जाएंगे.

4 शक्कर कारखानों को मार्जिन लोन
राज्य के 4 शक्कर कारखानों को सरकार ने मार्जिन लोन देने का फैसला लिया है. यह सुविधा उन्हें राष्ट्रीय सहकारिता विका निगम के माध्यम से देने को मान्यता दी गई है. इन कारखानों में वसंतराव काले सहकारी शक्कर कारखाना, पंढरपुर , तात्यासाहब कोरे वारणा सहकारी शक्कर कारखाना कोल्हापुर, भीमा सहकारी शक्कर कारखाना सोलापुर और परली के वैद्यनाथ सहकारी शक्कर कारखाने का समावेश है.

इसके अलावा अन्य फैसलों में राज्य के वरिष्ठ साहित्यकारों, कलाकारों के मानधान में डेढ़ गुनी राशि की वृद्धि की जाएगी, जिसका लाभ 27,000 साहित्यकारों, कलाकारों को मिलेगा.

-शबरी आदिवासी वित्त विकास महामंडल को मान्यता दी गई है. इसमें 50 करोड़ रु. की राशि का प्रावधान किया गया है. इससे आदिवासी वर्ग के विकास और उनके लिए बनाई गई योजनाओं को गतिशीलता मिलेगी.

-मुख्यमंत्री कृषि सौर पंप योजना के दूसरे और तीसरे चरण को मान्यता दी गई है इसमें 1,00,000 लाख सौर कृषि पंपों की स्थापना की तैयारी है. इसे डेढ़ वर्ष में पूरा कर लिए जाने का अनुमान है और इसमें 1531 करोड़ का खर्च आ सकता है.

– मुंबई की उपकरप्राप्त इमारतों के पुनर्विकास को नई दिशा देने के लिए अधूरी छोड़ी गई इमारतों का पूरा करने की जिम्मेदारी म्हा को सौंपी गई है. पुरानी इमारतों के पुनर्विकास के लिए नीति तय करने हेतु विधायकों की समिति स्थापित की जाएगी.