Team of doctors of various hospitals kept ready for Health Minister Jain

नयी दिल्ली. दिल्ली के स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन (Delhi Health Minister Satyendar Jain) ने रविवार को कहा कि राष्ट्रीय राजधानी में कोविड-19 (COVID-19) की मृत्यु दर पिछले 10 दिनों में एक फीसदी से भी नीचे रही है। कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण का पता लगाने के लिए जांच में की गई वृद्धि की वजह से मामले बढ़े हैं। जैन ने कहा कि शनिवार को 3,372 नए मरीजों की पुष्टि हुई और 24 घंटे में 4,476 मरीज ठीक हुए।

उन्होंने कहा कि इसी अवधि में 46 संक्रमितों की मौत हुई, जो करीब 70 दिनों में सबसे ज्यादा है। मंत्री ने कहा, “हम एक दिन की संख्या नहीं देखते हैं। पिछले 10 दिनों की औसत मृत्युदर 0.94 प्रतिशत है।” उन्होंने कहा, “जिन मरीजों ने दम तोड़ा है, वे एक दिन में संक्रमित नहीं पाए गए थे। वे 15-20 दिन पहले संक्रमित पाए गए थे। इसलिए हम 10 दिन का औसत लेते हैं।”

जैन ने कहा कि दिल्ली में मृत्यु दर 1.94 प्रतिशत है। पिछले चार-पांच दिनों में दिल्ली के अस्पतालों में बेड खाली हुए हैं और फिलहाल 55 प्रतिशत बेड खाली पड़े हैं। दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में कोरोना वायरस से होने वाली मौतों का दैनिक ऑडिट करने के लिए तीन सदस्य समिति गठित की थी।

जैन ने कहा कि इस समिति ने सभी अस्पतालों का दौरा किया और रिपोर्ट संतोषजनक है। उन्होंने कहा, “कुछ खामियां थी जिन्हें दुरुस्त कर दिया गया। एक वक्त था जब मुत्यु दर चार प्रतिशत होती थी, लेकिन यह पिछले 10 दिनों में एक फीसदी से नीचे बनी हुई है।”

राष्ट्रीय राजधानी में निषिद्ध क्षेत्रों की संख्या दो हजार के पार चली गई है, जिसपर जैन ने कहा कि यह वायरस को फैलने से रोकने की दिल्ली सरकार की रणनीति का हिस्सा है।

उन्होंने कहा, “हमने जांचों की संख्या तीन गुना कर दी है और जो संक्रमित पाए गए हैं उन्हें छोटे निषिद्ध क्षेत्रों में पृथक कर दिया है ताकि बीमारी के प्रसार को नियंत्रित किया जा सके। हम जानते थे कि हमें ये दो-चार हफ्ते आक्रामक तरीके से करना है और हम सकारात्मक नतीजे देख रहें और मामले घट रहे हैं।”

उन्होंने कहा पिछले सात दिनों में संक्रमित पाए जाने की दर में कमी आई है। बीते सात दिनों में संक्रमित पाए जाने की दर 6.5 फीसदी रही। दो हफ्ते पहले यह 8.5 प्रतिशत थी और तीन हफ्ते पहले ये नौ फीसदी थी। जैन से पूछा गया कि कनॉट प्लेस, लाजपत नगर और लक्ष्मी नगर कोविड-19 हॉटस्पॉट के तौर पर सामने आ रहे हैं ? इस पर मंत्री ने कहा, “लोग बाजारों में रहते नहीं हैं। वे रिहायशी इलाकों से आते हैं। बाजारों को कोरोना वायरस हॉटस्पॉट नहीं कहा जा सकता है। आवासीय क्षेत्र हॉटस्पॉट होते हैं।” (एजेंसी)