हिंगणघाट मामला : पीड़िता के माता-पिता ने हत्यारे को जिन्दा जलाने  की मांग की

नागपुर, महाराष्ट्र के वर्धा जिले में पीछा करने वाले एक व्यक्ति द्वारा पिछले सप्ताह आग के हवाले की गई एक महिला लेक्चरर की सोमवार की सुबह नागपुर के एक अस्पताल में मौत हो गई। वर्धा में विकेश नगराले (27)

नागपुर, महाराष्ट्र के वर्धा जिले में पीछा करने वाले एक व्यक्ति द्वारा पिछले सप्ताह आग के हवाले की गई एक महिला लेक्चरर की सोमवार की सुबह नागपुर के एक अस्पताल में मौत हो गई। वर्धा में विकेश नगराले (27) ने हिंगणघाट निवासी अंकिता पिसुड्डे (25) को तीन फरवरी को आग के हवाले कर दिया था जिसके कारण वह 40 प्रतिशत तक झुलस गई थी। उसका नागपुर के ‘ओरेंज सिटी हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर’ में इलाज चल रहा था। हिंगणघाट के पुलिस निरीक्षक सत्यवीर बंडीवार ने कहा, ‘‘ डॉक्टर ने आज सुबह छह बजकर 55 मिनट पर उन्हें मृत घोषित कर दिया।’ अस्पताल प्रशासन ने बुलेटिन जारी किया था जिसके अनुसार युवती का सिर, चेहरा, बायां हाथ, पीठ और गर्दन समेत 40 प्रतिशत हिस्सा झुलस गया है। श्वसन तंत्र भी प्रभावित होने के साथ उसे आंतरिक घाव भी आए हैं। पीड़िता को सीसीयू में भर्ती कराया गया था।

अस्पताल ने बताया कि सोमवार की तड़के करीब चार बजे वेंटिलेटर पर होने के बावजूद उसके ऑक्सीजन स्तर में कमी आ गई थी। इसके साथ ही मूत्र में कमी और उसका रक्तचाप कम हो गया था। उसने बताया कि इसके बाद उसका रक्तचाप ठीक करने के लिए दवाइयां बढ़ाईं गई और ऑक्सीजन का स्तर ठीक करने के लिए भी कदम उठाए गए लेकिन उसकी स्थिति ‘‘बेहद गंभीर’ ही बनी रही। उसने कहा, ‘‘ सुबह लगभग साढ़े छह बजे उसकी हृदय गति कम हो गई और लगातार उसे बचाने के प्रयास के बावजूद वह बच नहीं पाई और सुबह छह बजकर 55 मिनट पर उसे मृत घोषित कर दिया गया।’ वहीं पीड़िता के माता पिता और रिश्तेदारों ने पीड़िता का शव लेने से इंकार कर दिया था। उनका कहना था की आरोपी विकेश नगराले को उन्हें सौंप दिया जाए  और वे उसे जिन्दा जला देंगे। उनके अनुसार हत्यारे को भी वही दर्द मिलना चाहिए था जो उनकी लड़की को मिला है।

वहीं इस घटना परमहाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने कड़े शब्दों में प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि "आपके घर में ऐसा कोई दरिंदा फिर नहीं बने, यही पीड़िता की असली श्रद्धांजलि होगी।" वही इस पर गृह मंत्री अनिल देशमुख ने कहा है कि "पीड़िता के भाई को सरकारी नौकरी दी जायेगी, राज्य सरकार के जाने माने वकील उज्ज्वल निकम ने इस केस पर काम शुरू कर दिया है।"