Congress Crises : All is not well in Congress, after Punjab, now reports of stir in Rajasthan

  • कांग्रेस ने भी किया सभी विस क्षेत्रों में निषेध

नागपुर. भाजपा के चक्काजाम के विरोध में पलटवार करते हुए शहर कांग्रेस की ओर से भी सभी विस क्षेत्रों में ओबीसी आरक्षण रद्द करने के लिए मोदी सरकार को जिम्मेदार मानते हुए निषेध किया. शहर अध्यक्ष विकास ठाकरे ने कहा कि 26 जून को राजर्षि शाहू महाराज जयंती के दिन ओबीसी आरक्षण रद्द होने की जिम्मेदारी मोदी सरकार और राज्य की तात्कालीन फडणवीस सरकार पर है. सुप्रीम कोर्ट ने ओबीसी की आंकड़ेवारी केन्द्र सरकार से मांगी थी लेकिन वह प्रस्तुत नहीं की गई जिसके चलते उसने आरक्षण रद्द कर दिया. इसके लिए मोदी सरकार जिम्मेदार है. हम उसका तीव्र निषेध करते हैं. आंदोलन में शामिल कार्यकर्ताओं व ओबीसी समाज बांधवों ने ओबीसी आरक्षण होना ही चाहिए के नारे लगाए. 

ओबीसी से अन्याय   

ठाकरे ने कहा कि ओबीसी समाज के साथ अन्याय सहन नहीं किया जाएगा. पश्चिम नागपुर ब्लॉक 12 की ओर से अवस्थीनगर चौक पर आंदोलन किया गया. ब्लाक अध्यक्ष प्रमोद सिंह ठाकुर, देवेन्द्र सिंह रोटेले, विलास बरडे, सुभाष मानमोड़े सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए. वहीं दक्षिण-पश्चिम में प्रतापनगर चौक पर पंकज निघोट, पंकज थोरात, रजत देशमुख के नेतृत्व में आंदोलन किया गया. दक्षिण में गिरीश पांडव, गजराज हटेवार के नेतृत्व में मानेवाड़ा चौक, मध्य नागपुर में सेवासदन चौक पर अब्दुल शकील, गोपाल पट्टम, नगरसेवक जुल्फीकार भुटटो के नेतृत्व में आंदोलन हुआ. पूर्व में विधायक अभिजीत वंजारी,इरशाद अली के नेतृत्व में आंबेडकर चौक पर ज्ञानेश्वर ठाकरे, राजेश पौनीकर, युवराज वैद्य की उपस्थिति में और उत्तर में इंदौरा चौक में इरशाद मलिक के नेतृत्व में आंदोलन किया गया.

जो शहीद हुए हैं…

भाजपा के चक्काजाम का निषेध करते हुए युवक कांग्रेस ने भाजपा के ही उन ओबीसी नेताओं की तस्वीरें वाले बैनर लहराकर विरोध किया जिन्हें पार्टी ने पिछले विस चुनाव में अलग कर दिया था. युकां ने बैनर में भाजपा नेता पंकजा मुंडे, चंद्रशेखर बावनकुले, एकनाथ खड़से, विनोद तायडे, सुधाकर कोहले की फोटा लगाई और नीचे मैसेज लिखा…जो शहीद हुए हैं उनकी जरा याद करो कुर्बानी. वेराइटी चौक पर जब भाजपा का आंदोलन चल रहा था तब गोवारी ब्रिज के ऊपर से युकां सचिव अक्षय हेटे और कार्यकर्ता यह बैनर लहराकर देवेन्द्र फडणवीस और भाजपा का निषेध कर रहे थे.