CP Amitesh Kumar, Nagpur, Buldi

नागपुर. शहर में लगातार बढ़ रहे कोरोना संक्रमण के चलते प्रशासन परेशान है. रोजाना कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे है. रविवार को तो 2343 लोगों के कोरोना संक्रमित होने का आकड़ा सामने आया. उपर से सीताबर्डी परिसर में उमड़ी नागरिकों की भीड़ ने प्रशासन को हिलाकर रख दिया. हजारों की संख्या में यहां लोग पहुंचे और सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ गई. शहर के बाजारों में बिगड़ते हालात को देखते हुए खुद पुलिस कमिश्नर अमितेश कुमार सोमवार को फील्ड पर उतर गए. सुबह 11 बजे के दौरान वें इतवारी पहुंच गए. शहीद चौक, जागनाथ बुधवारी, तीननल चौक, टांगा स्टैंड और नंगापुतला परिसर में पैदल घूमकर दूकानदारों को नियमों का पालन करने को कहा.

सीपी को रास्ते पर पैदल चलते देख दूकानदारों की सिट्टी-पिट्टी गुम हो गई. अमितेश ने दूकानदारों को यह मैसेज दे दिया है कि यदि ऐसा ही चलता रहा तो पुलिस को दूकानदारों पर भी सख्त होना पड़ेगा. जिन दूकानदारों ने मास्क नहीं पहना था उन्हें फटकार भी लगाई गई. इसके बाद सीपी पहुंचे सीताबर्डी मेन रोड. वैरायटी चौक पर ही उन्होंने वाहन छोड़ दिया और पैदल पकोड़ेवाली गली तक पैदल चलकर गए. यहां सीपी के विजिट की जानकारी फुटपाथ दूकानदारों को पहले ही मिल गई थी.

यही वजह थी कि फुटपाथ पर कोई दूकान ही नहीं लगी. पार्किंग की व्यवस्था भी पहले से ही सुधारी जा चुकी थी. सीपी ने दूकानदारों से सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क का सख्ती से पालन करवाने को कहा. बिना मास्क पहने किसी ग्राहक को दूकान में प्रवेश न देने की अपील की. जिन दूकानदारों के पुतले और सामान फुटपाथ पर पड़े थे उन्हें भी फटकार लगाई गई. सभी दूकानदारों को फुटपाथ खाली रखने को कहा गया. 2 दूकानों पर पुलिस ने कार्रवाई भी की.

सोशल डिस्टेंसिंग का पालन न होने के कारण 5000 रुपये का चालान भी ठोका गया. इसके अलावा बगैर मास्क पहने मिले दूकानदार और वाहन चालक सहित 40 लोगों को चालान भी किया गया. डीआईजी निलेश भरणे, डीसीपी ट्राफिक विक्रम साळी इस समय मौजूद थे. मास्क के खिलाफ विशेष अभियान चलाते हुए पुलिस ने बड़े पैमाने पर कार्रवाई की. इसका असर भी देखने को मिल रहा है.

लोगों ने मास्क पहनना भी शुरु कर दिया है. अब सीपी का टार्गेट बाजार परिसर है. उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि यदि बाजारों में दूकानदार नियमों का पालन नहीं करते तो अब उनके खिलाफ भी कार्रवाई करने का समय आ गया है. यदि हालात नहीं सुधरे तो सभी को सख्त कार्रवाई की जाए.