Rahul gandhi

    कांग्रेस के शीर्ष नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) ने असम में चुनाव प्रचार (Assam Assembly Elections) के दौरान वादा किया कि यदि राज्य में कांग्रेस सत्ता में आई तो हर परिवार को 200 यूनिट बिजली मुफ्त (Free Electricity) मिलेगी. यदि कांग्रेस में ऐसा करने की समार्थ्य है तो वह महाराष्ट्र (Maharashtra) में ही यह कदम क्यों नहीं उठाती जहां की महाविकास आघाड़ी सरकार में वह शामिल है? महाराष्ट्र में बिजली की दरें काफी अधिक हैं.

    कोरोना संकट में भी लोगों को अनाप-शनाप रकम के बिजली बिल भेजे गए थे जिनमें कोई रियायत नहीं दी गई तथा सख्ती से बिल वसूली की जा रही है. महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र में सर्वाधिक बिजली निर्मित होती है. विदर्भ के चंद्रपुर, कोराडी, खापरखेड़ा व पारस के बिजली घरों की विद्युत से पश्चिम महाराष्ट्र के कारखाने चलते हैं व भवन जगमगाते हैं. इतने पर भी विदर्भवासियों को सबसे अधिक बिजली बिल अदा करना पड़ता है. यदि कांग्रेस महाराष्ट्र में असम की तरह बिजली बिल माफ करने का वादा नहीं कर सकती तो कोई बात नहीं, वह महाराष्ट्र में बिजली की दरें घटा कर जनता को राहत दे. जनता समझ जाएगी कि कांग्रेस उसकी कितनी हितैषी है और साथ ही वह कितनी सक्षम है.