स्वास्थ्य शिक्षा के लिए व्यापक दृष्टिकोण आवश्यक : अमित देशमुख

  • शिक्षा मंत्री का ऑनलाइन संबोधन

नाशिक. विद्यापीठ के प्रति कुलपति तथा स्वास्थ्य शिक्षा मंत्री अमित देशमुख (Health Education Minister Amit Deshmukh) ने कहा कि संशोधन की दृष्टि से स्वास्थ्य शिक्षा (Health Education) में बदलाव करें. वे महाराष्ट्र स्वास्थ्य विज्ञान विद्यापीठ में आयोजित अधिसभा बैठक को ऑनलाइन संबोधित कर रहे थे. इस दौरान मंच पर कुलगुरु डॉ. दिलीप म्हैसेकर, प्रति-कुलगुरु डॉ. मोहन खामगांवकर, कुलसचिव डॉ. कालीदास चव्हाण सहित अधिसभा के सदस्य उपस्थित थे. देशमुख ने आगे कहा कि कोविड-19 (COVID-19) में कोविड विद्यापीठ के सभी अधिकारी, कर्मचारी तथा संलग्न महाविद्यालय के शिक्षक-शिक्षकेतर कर्मचारियों ने मेहनत कर परीक्षा का कामकाज सफलतापूर्वक पूर्ण किया, जो सराहनीय है.

विद्यापीठ परिसर में जल्द ही विविध विद्या शाखा के महाविद्यालय और अस्पताल शुरू करने के लिए अनुमति की प्रक्रिया अंतिम चरण में है, जो जल्द ही पूरी होगी. स्वास्थ्य शिक्षा को लेकर सभी को व्यापक दृष्टिकोण रखना आवश्यक है. सही कार्य करें ताकि युवाओं को अपना कार्य दिशादर्शक साबित हो. विद्यापीठ के कुलगुरु डॉ. दिलीप म्हैसेकर ने कहा कि छात्रों का शैक्षणिक नुकसान न हो, इसलिए सरकार के निर्देश के तहत नियमों का पालन कर सावधानी बरती. कोविड का खतरा ध्यान में रखते हुए परीक्षा केंद्रों की संख्या बढ़ाई गई. छात्रों को स्वास्थ्य संशोधन पर ध्यान देना आवश्यक है. विद्यापीठ के लातूर स्थित विभागीय केंद्र को सरकार ने अनुमति दी है. विद्यापीठ के प्रति-कुलगुरु डॉ. मोहन खामगांवकर ने कहा कि कोविड में विद्यापीठ का कार्य अप्रतिम है. विद्यापीठ में शुरू उपक्रम सक्षम है.

बैठक में अधिसभा के सदस्यों का स्वागत कुलगुरु ने किया. संचालन कुलसचिव डॉ. कालिदास चव्हाण ने किया. बैठक में डॉ. धनाजी बागल, डॉ. किशोर मालोकर, डॉ. आशुतोष गुप्ता, डॉ. यशवंत पाटिल, डॉ. सुरेश दोडामणी, डॉ. रविंद्र भोसले, डॉ. विनोद पाटिल, डॉ. श्रीकांत देशपांडे, डॉ. राजकुमार पाटिल, डॉ. रमेश भारमल, वैद्य शामसुंदर भाकरे, डॉ. ज्योति ठाकुर, आशीष मोहर, बालाजी डोले, प्रशांत पवार आदि सदस्य प्रत्यक्ष उपस्थित थे.  वहीं डॉ. गजानन एकबोटे, डॉ. सचिन मुंब्रे, डॉ. जयंत पलसकर, डॉ. राजश्री नाईक, डॉ. प्रमोदिनी पागे, डॉ. कविता पोल, डॉ. मनीषा कोठेकर, डॉ. मिलींद देशपांडे, डॉ. पी. एम. जाधव, डॉ. निकीता पडवी, डॉ. निलाक्षी प्रधान, डॉ. उज्वला उसगांवकर, शुभांगी जरे, डॉ. अपर्णा काले, डॉ. क्रिश्नाजी केलकर, डॉ. समीर पाटिल, डॉ. अजय तावरे, डॉ. जलगांवकर, चैताली लेकुरवाले, डॉ. अपर्णा साधले, डॉ. मीरा औरंगाबादकर, डॉ. राजेश्वर रेड्डी, डॉ. उषा रडके, डॉ. समीर गोलावार, डॉ. बी. वाय. पाटिल, डॉ. दत्तात्रय पाटिल, डॉ. बालासाहब घुले आदि सदस्य ऑनलाइन उपस्थित थे.