Mumbai Metro 2A

    पिंपरी : पुणे शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था (Public Transport System) को मजबूत (Strong) करने के लिए महत्वपूर्ण (Important) माण-हिंजवड़ी (Maan-Hinjwadi) से शिवाजी नगर (Shivaji Nagar) तक मेट्रो लाइन-3 (Metro Line-3) का काम असल में गुरुवार से शुरू हो गया है। पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) पर देश की यह पहली मेट्रो परियोजना है और इसके अगले तीन वर्षों में पूरा होने की उम्मीद है। इस परियोजना को सफल बनाने के लिए उपमुख्यमंत्री अजीत पवार हर हफ्ते मंत्रालय में जाकर परियोजना के तकनीकी पहलुओं की समीक्षा कर रहे है। इसलिए यह काम इतनी तेजी से शुरू हुआ।

    पुणे महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (पीएमआरडीए) के माध्यम से लागू किए जा रहे माण-हिंजवड़ी से शिवाजीनगर रूट तीन पर काम शुरू कराने में कई तरह की स्वीकृतियां और तकनीकी दिक्कतें आई। इसे दूर करने के लिए पुणे के संरक्षक मंत्री और उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के कार्यालय में हर हफ्ते एक विशेष समीक्षा बैठक हो रही है। बैठक में परियोजना से जुड़ी सभी एजेंसियों का समन्वय किया गया। इसलिए, इस मेट्रो लाइन के लिए आवश्यक भूमि अधिग्रहण को भूमि अधिग्रहण और पुनर्वास अधिनियम, 2013 के तहत अपनाया गया है। प्राधिकरण द्वारा मेट्रो कार डिपो, राईट ऑफ वे और स्टेशन के लिए आवश्यक लगभग 98 प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण कर लिया गया है। परियोजना के लिए सभी आवश्यक अनुमतियां और लाइसेंस प्राप्त कर लिए गए है। यह देश में पहली परियोजना है जिसने परियोजना के वास्तविक प्रारंभ से पहले इतने सारे भूमि अधिग्रहण और सभी निर्धारित परमिट हासिल किए है।

    पुणे महानगरपालिका द्वारा अनुमोदित किया गया है

    इस मेट्रो लाइन की लंबाई 23.2 किमी है और इस लाइन में 23 स्टेशन प्रस्तावित है। केंद्र सरकार की ‘मेट्रो रेल नीति 2017’ के तहत सार्वजनिक निजी भागीदारी (पीपीपी) के आधार पर लागू होने वाली यह भारत की पहली परियोजना है। इसके लिए केंद्र सरकार के साथ राज्य सरकार को 20 फीसदी तक की वित्तीय सहायता मिलेगी। प्रस्तावित एकीकृत डबल-डेक फ्लाईओवर को पुणे शहर में पुणे विश्वविद्यालय चौक पर लंबी अवधि के यातायात की भीड़ को हल करने के लिए डिजाइन किया गया है और इसे पुणे एकीकृत महानगर परिवहन प्राधिकरण और पुणे महानगरपालिका द्वारा अनुमोदित किया गया है।

    परियोजना को अगले तीन वर्षों में पूरा करने की योजना है

    इस परियोजना के लिए पहली बार दो अंतरराष्ट्रीय मानक एजेंसियों का गठन किया गया है। ट्रेल अर्बन ट्रांसपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड और सीमेंस प्रोजेक्ट वेंचर्स इसके लिए आगे आए है। उन्होंने ‘पुणे आईटी सिटी मेट्रो रेल लिमिटेड’ नामक एक विशेष उद्देश्य संगठन की स्थापना की है। परियोजना का वास्तविक कार्य शुरू करने के लिए ट्रैफिक डायवर्जन प्लान तैयार किया गया है। 26 अक्टूबर, 2021 को संगठन की बैठक में इस पर विस्तार से चर्चा की गई है। परियोजना को अगले तीन वर्षों में पूरा करने की योजना है।