Lockdown during Corona epidemic has created an atmosphere of helplessness and gloom: High Court

    ठाणे : 11 अक्टूबर को महाविकास आघाडी (Mahavikas Aghadi) द्वारा पुकारे गए बंद को लेकर ठाणे शहर भाजपा अध्यक्ष (BJP President) विधायक निरंजन डावखरे के मार्गदर्शन में उपाध्यक्ष सुजय पत्की ने मुंबई उच्च न्यायालय (Mumbai High Court) में याचिका दायर की है। एडवोकेट प्रितेश बुरड के जरिए दायर याचिका में महाविकास अघाड़ी के तीनों पक्षों द्वारा नागरिकों, व्यापारियों, व्यवसायिकों को परेशान करने, तोड़फोड़ और हिंसा के चलते सार्वजनिक संपत्ति को नुक्सान पहुंचाने और राज्य की जनता को उनके मूल अधिकारों से वंचित करने की दलील दी गई है।

    राज्य में सरकार होने के बावजूद महाविकास अघाड़ी द्वारा पुकारे गए बंद को पत्की ने अनैतिक बताते हुए सरकारी यंत्रणा को हाथों में लेकर उसे राज्य के लोगों पर जबरदस्ती थोपने की बात कही है। याचिका में बंद के दौरान दुकानों को जबरदस्ती बंद कराने, व्यापारियों पर डराने -दबाव डालने, ऑटो रिक्शा चालकों के साथ मारपीट करने और सड़कों पर आगजनी की घटना को अंजाम देने को निंदनीय बताया गया है।

    याचिका में बताया गया है कि राज्य में कोरोना के प्रकोप के चलते मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने सार्वजनिक कार्यक्रमों, गरबा और विभिन्न हिंदू त्योहारों में भीड़ के नाम पर प्रतिबंध लगाया हैं। दूसरी तरफ बंद में हिंसा, मारपीट, तोड़फोड़ के दौरान कोरोना नियमों का जमकर उल्लंघन किया गया। पत्की के अनुसार अगले एक सप्ताह में न्यायाधीश ए ए सैयद के समक्ष याचिका पर सुनवाई होनी है।