प्रतीकात्मक तस्वीर
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    वाशिम. जिले में कोविड-19 से माता व पिता गमानेवाले बालकों से शैक्षिक सहायता के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए है. वित्त सहायता प्राप्ति के लिए नमूना के आवेदन परिपूर्ण भरना आवश्यक है. इस के साथ ही बालकों के स्कूल बोनाफाईड, माता, पिता कोविड पाजिटिव का प्रमाण, माता, पिता के मृत्यु का प्रमाण पत्र, बालक अथवा बालक पालक का संयुक्त राष्ट्रीयकृत बैंक में खाता का बैंक का पासबुक व बालक का आधारकार्ड आदि प्रमाण पत्र की जेरॉक्स प्रत इस के साथ जोड़ना अनिवार्य है. ऐसा जिला महिला व बाल विकास अधिकारी अलोक अग्रहरी ने सूचित किया है़      

    सर्वोच्च न्यायालय में दाखिल संकिर्ण प्रकरण में सर्वोच्च न्यायालय ने दिए आदेश के तहत राज्य ने महिला व बाल न्याय निधि में राशि उपलब्ध करायी है. जिले के लिए महिला व बाल कल्याण विकास विभाग ने जिला कृति दल के अध्यक्ष तथा जिलाधिकारी के खाते में निधि उपलब्ध कराके दिया है. इस राशि का विनियोग कोविड-19 से एक अथवा दो पालक गमानेवाले 0 से 18 आयुगुटों के बालकों को शालेय शुल्क, छात्रगृह शुल्क, शैक्षिक साहित्य खरीदी खर्च के लिए प्रति बालक आवश्यकता नुसार अधिक से अधिक 10,000 रुपए मर्यादा तक केवल एक बार वितरित करने के लिए मान्यता दी है. जिससे जिले के बालकों से शैक्षिक सहायता के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए है. 

    जिलाधिकारी के आदेश नुसार जिले के कोविड-19 से एक अथवा दोनों पालक गमानेवाले 0 से 18 आयुगुटों के बालकों के शैक्षिक खर्च के लिए प्रति बालक अधिक से अधिक 10,000 रुपए मर्यादा तक केवल एक बार निधि वितरित करने से पात्र लाभार्थियों को व पालकों ने अपने तहसील के एकात्मिक बाल विकास प्रकल्प अधिकारी कार्यालय व तहसीलस्तरीय संरक्षण अधिकारी के कार्यालय से आवेदन पत्र का नमूना लेकर आवश्यक प्रमाण पत्र के साथ मूल आवेदन प्रस्ताव इस दो कार्यालयों में से अपने तहसील के कार्यालय में जमा करना चाहिए़  कुछ कठिनाई आने पर जिला बाल संरक्षण अधिकारी भगवान ढोले (9970410050) से संपर्क किया जा सकता है़