The process of counter-accusation started in the politics of Jharkhand

    ओमप्रकाश मिश्र 

    रांची. विधान भवन (Vidhan Bhavan) में नमाज के लिए अलग कमरा दिए जाने के बाद से, सरगर्मी में आयी भाजपा (BJP) की राजनीति में एकाएक उबाल दिखने लगा है। कांग्रेस समर्थित जेएमएम की हेमंत सोरेन (Hemant Soren) सरकार (Government) के साथ भाजपा विद्रोहात्मक रवैये में उतर आयी है। इस तरह झारखंड (Jharkhand) की राजनीति में फिलहाल त्रिकोणीय वाक युद्ध (Triangular Speech War) की स्थिति उत्पन्न हो गयी है। भाजपा (BJP) के प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश (Deepak Prakash) ने झारखंड  की गठबंधन सरकार को लेकर बड़ा दावा किया है। उन्होंने कहा कि सरकार में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है।

    कांग्रेस के नेता को डर सताने लगा है कि झारखंड मुक्ति मोर्चा  उनके वोट बैंक में सेंधमारी करना चाह रही है। जबकि कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने भाजपा के दीपक प्रकाश की बातों पर अपनी प्रतिक्रया व्यक्त करते हुए कहा कि अगर इतनी बातें अपनी पार्टी के लिए सोचते तो अपने नेतृत्व में हार की हैट्रिक नहीं लगवाते। ये उनकी घबराहट बोल रही है। उनका वोट बैंक खिसकता जा रहा है, पहले उन्हें इसकी चिंता करनी चाहिए। राजेश ठाकुर ने कहा कि दीपक प्रकाश ऐसे भी कोई चुनाव नहीं लड़े हैं तो उन्हें इस बारे में ज्यादा सोचने की जरूरत नहीं है।

    फर्जी मुकदमे दायर 

    इस आशय पर आज भाजपा कार्यालय में आयोजित संवादाता सम्मलेन  में दीपक प्रकाश ने कहा कि सत्ता आने के बाद मतवाले हाथी की तरह हेमंत सरकार चल रही है। यही नहीं बल्कि सत्तारूढ़ सरकार इरादतन भाजपा  कार्यकर्ताओं पर  फर्जी मुकदमे दायर कर रही है। दीपक ने कहा कि झारखंड में कानून व्यवस्था चौपट है। यह अपनी असफलता छिपाने के लिए केंद्र सरकार को दोष दे रहे हैं। केंद्र सरकार वैक्सीन दे रही है, जिसे झारखंड में  बर्बाद किया जा रहा है।

    झारखंड को अफगानिस्तान नहीं बनने देंगे

    भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष और चंदनकियारी के विधायक अमर बाउरी ने कहा कि इस अहंकारी और घमंडी सरकार का घमंड टूटना प्रारंभ हो गया है। नमाज कक्ष के आवंटन पर निर्णय लेने के लिए गठित कमेटी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आखिर सरकार को वापस होना पड़ा। यह लोकतंत्र की जीत है। अमर बाउरी ने  कहा, सरकार जितना भी जुल्म कर लें, हम झारखंड को अफगानिस्तान नहीं बनने देंगे।

    प्रत्यरोप का सिलसिला

    गौरतलब है कि विधान भवन में नमाज के लिए अलग से कमरा दिए जाने के बाद से झारखंड की शियाशत में एका-एक विद्रोह के स्वर मुखर होने लगे है। आरोप प्रत्यरोप का सिलसिला चल पड़ा है। भाजपा विधान भवन किसी धर्म मजहब के लिए कमरा देने को तर्कसंगत नहीं मानती तो वहीं सरकार समर्थित कांग्रेस जेएमएम के ताल में ताल मिलाने पर बेवस नजर आ रही है।