Australia changes its national anthem, Prime Minister Scott Morrison said 'this' was the reason ...

वेलिंगटन (न्यूजीलैंड): ऑस्ट्रेलिया (Australia) और चीन (China) के बीच एक ग्राफिक ट्वीट (Graphic Tweet) को लेकर राजनयिक वाकयुद्ध ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री स्कॉट मोरिसन (Scott Morrison) के सुलह करने वाले स्वरों के बाद बृहस्पतिवार को अंतत: शांत होता प्रतीत हुआ। मॉरिसन ने कहा, ‘‘मेरा और मेरी सरकार का रुख रचनात्मक बातचीत करना है।” चीन ऑस्ट्रेलिया का सबसे बड़ा व्यापार साझेदार है।

मॉरिसन ने कहा, ‘‘चीन के साथ संबंध दोनों देशों के लिए लाभकारी हैं।” उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया ने ट्वीट और वीचैट पर संदेश को लेकर अपने विचार स्पष्ट कर दिए हैं। मॉरिसन ने गत सोमवार को चीन सरकार से कहा था कि वह उस विवादित तस्वीर को ट्वीट करने के लिए माफी मांगे, जिसमें एक ऑस्ट्रेलियाई सैनिक कथित तौर पर एक बच्चे की हत्या करता दिख रहा है। इस ट्वीट के बाद चीन और ऑस्ट्रेलिया के बीच तनाव पैदा हो गया।

मॉरिसन ने चीन के विदेश मंत्रालय से ‘‘फर्जी” ट्वीट को हटाने की मांग की थी, जिसमें अफगानिस्तान में संघर्ष के दौरान ऑस्ट्रेलियाई बलों द्वारा कथित अवैध हत्याओं एवं उत्पीड़न को दिखाने की कोशिश की गई। ‘वीचैट’ ऐप का संचालन करने वाली कंपनी ने मॉरिसन की पोस्ट डिलीट कर दी थी। मॉरिसन ने बृहस्पतिवार को अलग रुख अपनाते हुए कैनबरा में संवाददाताओं से कहा कि उनका लक्ष्य है कि दोनों देश ‘‘खुशी से साथ” रहें।

ऑस्ट्रेलिया के वित्त मंत्री जोश फ्राइडेनबर्ग ने कहा कि वह ट्वीट और वीचैट से डिलीट की गई पोस्ट को लेकर निराश हैं। जोश फ्राइडेनबर्ग ने कहा कि प्रधानमंत्री ने वीचैट पर अपनी पोस्ट में कहा था कि उन्हें वर्दी पहनने वाले अपने जवानों पर गर्व है। इस पोस्ट को चीनी कंपनी द्वारा डिलीट कर दिया गया। उल्लेखनीय है कि चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियान ने गत सोमवार को एक ग्राफिक तस्वीर ट्वीट की, जिसमें एक मुस्कुराते हुए ऑस्ट्रेलियाई सैनिक ने चाकू एक बच्चे के गले पर रखा हुआ है।

बच्चा एक मेमने को गोद में लिए हुए है। झाओ ने तस्वीर के साथ लिखा, ‘‘ऑस्ट्रेलियाई सैनिकों द्वारा अफगानिस्तान के नागरिकों और कैदियों की हत्या से स्तब्ध हैं। हम इस कृत्य की निंदा करते हैं और इसके लिए जिम्मेदारी तय करने की मांग करते हैं।” मॉरिसन ने कहा था कि झाओ द्वारा ट्वीट की गई तस्वीर ‘‘झूठी”, ‘‘वास्तव में अपमानजनक” और ‘‘असंगत” है। उन्होंने कहा था, ‘‘चीन की सरकार को इस पोस्ट के लिए शर्मिंदा होना चाहिए। इसने दुनिया की नजरों में उसे गिरा दिया है।”