म्यांमा में असैन्य नेता थान ने जुंटा के खिलाफ ‘क्रांति’ का लिया संकल्प

    मांडले. म्यांमा (Myanmar) में पिछले महीने सैन्य तख्तापलट के बाद से छिपकर रह रहे असैन्य नेताओं का नेतृत्व कर रहे माह्न विन खाइंग थान (Mahn Win Khaing Than) ने सेना को सत्ता के बाहर करने के लिए ‘क्रांति’ (Revolution) को समर्थन देना जारी रखने का संकल्प लिया है। इस बीच, सुरक्षा बलों ने तख्तापलट के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों पर कार्रवाई की, जिसमें कम से कम सात लोगों की मौत हो गई। थान को म्यांमा में अपदस्थ किए गए और सेना से छिपकर रह रहे सांसदों ने कार्यवाहक उपराष्ट्रपति नामित किया है और वह देश की अपदस्थ नेता आंग सान सू की की पार्टी के सदस्य हैं।

    उन्होंने एक फरवरी को हुए तख्तापलट के बाद पहली बार शनिवार को जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने एक वेबसाइट और सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए वीडियो में कहा, ‘‘ यह देश के लिए सबसे अधंकारमय क्षण है और जल्द सुबह होने वाली है।” उन्होंने कहा, ‘‘यह क्रांति संघीय लोकतंत्र स्थापित करने में हमारी कोशिशों को एकजुट करने का मौका है। संघीय लोकतंत्र स्थापित करना विभिन्न जातीय समूहों के भाइयों की इच्छा है जो दशकों से तानाशाही के दमनकारी कृत्यों से त्रस्त हैं।” थान ने कहा, ‘‘हम अन्याय करने वाली सेना के आगे कभी नहीं झुकेंगे, बल्कि अपनी एकजुट ताकत से भविष्य का निर्माण करेंगे।” वीडियो के अंत में उन्होंने तीन उंगली से सलामी दी जो सैन्य शासन के प्रतिरोध का प्रतीक बन गया है।

    इससे पहले, शनिवार को सुरक्षाबलों ने मांडले में प्रदर्शनकारियों पर गोली चलाईं, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई। म्यांमा के दक्षिण मध्य इलाके में प्याय में भी दो और तवांते में एक प्रदर्शनकारी की मौत हुई है। सातों मृतकों की जानकारी विभिन्न सोशल मीडिया अकाउंट से साझा की गई है। हालांकि, माना जा रहा है कि मृतकों की संख्या अधिक हो सकती है क्योंकि कुछ शवों को सुरक्षा बलों ने कथित तौर पर अपने कब्जे में ले लिया है, जबकि कई लोग गोली लगने से गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं।