संगमनेर तहसील दूध संघ को पुरस्कार

  • राष्ट्रीय दुग्ध विकास मंडल ने किया सम्मानित

अहमदनगर. राष्ट्रीय दुग्ध विकास मंडल द्वारा आयोजित डिजिटल अर्थ व्यवस्था कार्यक्रम में पूरे देश भर की विविध सहकारी दूध संघों ने भाग लिया था. सहकारी दूध संघ के दूध उत्पादक किसानों को उनके दूध का 100 फीसदी पेमेंट राष्ट्रीय कृत बैंक में सीधे अकाउंट में जमा कराने की प्रक्रिया में संगमनेर तहसील सहकारी दूध संघ को राज्य में अव्वल स्थान मिला है. 

राष्ट्रीय दुग्ध विकास मंडल ने डॉ. वर्गिस कुरियन की जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित आनलाइन समारोह में दिलीप रथ के हाथों संगमनेर तहसील दूध संघ को राष्ट्रीय स्तर का पुरस्कार प्रदान किया. राजहंस दूध संघ के सभागृह में आयोजित आनलाइन समारोह के लिए महानंद और राजहंस दूध संघ के चेयरमेन रणजीत सिंह देशमुख, बाजीराव खेमनर, साहबराव गडाख, लक्ष्मण कुटे, मोहन करंजकर, विलास कवडे, कार्यकारी संचालक डॉ. प्रताप उबाले, जनरल मैनेजर जी.एस. शिंदे आदि उपस्थित थे.

पति-पत्नी के संयुक्त अकाउंट में 100 फीसदी रकम जमा 

रणजीत सिंह देशमुख ने कहा कि डॉ. वर्गिस कुरियन का दुग्ध उत्पादन क्षेत्र का कार्य सराहनीय है. डॉ. अन्नासाहब शिंदे और डॉ. कुरियन ने कृषि और दूध व्यवसाय में भारी क्रांति की है. संगमनेर तहसील में राजस्वमंत्री बालासाहब थोरात के मार्गदर्शन में खेती के साथ दूध व्यवसाय किसानों के परिवार का बड़ा आधार साबित हुआ है. राजहंस दूध संघ ने दूध उत्पादक किसान परिवार के पति-पत्नी के संयुक्त अकाउंट में 100 फीसदी रकम जमा करते हुए परिवार की महिलाओं का सम्मान बढ़ाया है. उसी तरह दूध संघ के माध्यम से दूध उत्पादक किसान और जानवरों के लिए विविध उपक्रम भी किए जाते है.