जिले के किसानों ने नए कृषि कानूनों को खत्म करने की मांग की, किसानों ने किया दिल्ली आंदोलन का समर्थन, एक दिन लिए कृषि गतिविधियां रोंकी

    भंडारा. तीन कानूनों को निरस्त करने के लिए दिल्ली में पिछले कई महीनों से आंदोलन चल रहा है, लेकिन केंद्र कानूनों को वापस नहीं ले रहा है. इसके लिए दिल्ली में आंदोलन के समर्थन में भंडारा जिले के किसानों एवं ओबीसी क्रांति मोर्चा की ओर से एक दिन के लिए कृषि गतिविधियों पर रोक लगाकर अनोखा आंदोलन किया गया है. देश की रीढ़ माने जाने वाले किसानों ने मांग की है कि केंद्र सरकार इन काले कानूनों को खत्म कर किसानों के हित में फैसले लें.

    राष्ट्रपति को भेजा पत्र, पुनर्विचार की अपील

    कृषि बचाव, लोकतंत्र बचाव दिवस मनाते हुए ओबीसी क्रांति मोर्चा ने दिन भर खेतों पर बैठे केंद्र सरकार के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली सीमा आंदोलन का खुलकर समर्थन किया एवं वर्तमान स्थिति पर राष्ट्रपति को एक पत्र भेजकर केंद्र सरकार ने किसानों की तीनों मांगों पर पुनर्विचार करने की अपील की. 

    शिष्टमंडल में ओबीसी क्रांति मोर्चा के मुख्य संयोजक संजय मते, अमरदीप भुरे, भाऊ कातोरे, जीवन भजनकर, किशोर शेंडे, नाना तिजारे, खुशाल शीकीनवार, श्रीकांत तिजारे, विरु तिरार, प्रतातं शुकीनवार, चिंटु तिजारे, धीरज तिजारे, सूरज कारेमोरे, सुनील तिजारे, अनिल तिजारे, राजेंद्र कारेमोर, प्रवीण कारेमोरे, संदीप तितिरमारे, रोहित मस्के, नारायण शुकीणवार, तुषार कातोरे, भूषण कातोरे, योगेश कातोरे, दिनेश कोहड़े, लोकेश कोहडे, नीतेश तितिरमारे, पराग तितिरमारे, अनिल लांडगो, गुरुदेव तितिरमारे, रमेश लांइगे एवं किसान उपस्थित थे.