After the announcement of Russia's army operation, investors lost more than eight lakh crore rupees in the initial business
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    मुंबई: वैश्विक बाजारों के नकारात्मक रुख और घरेलू बाजारों में ऊंचे स्तर पर मुनाफा वसूली के लिए चली बिकवाली के दबाव से बंबई शेयर बाजार (बीएसई) का सेंसेक्स बुधवार को शुरुआती बढ़त गंवा कर 67 अंक नीचे बंद हुआ।  दिन के कारोबार में करीब 400 अंक ऊपर जाने के बाद 30-कंपनी शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स बिकवाली दबाव में आ गया और अंत में 66.95 अंक यानी 0.13 प्रतिशत गिरकर 52,482.71 अंक पर बंद हुआ। इसी प्रकार नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 26.95 अंक यानी 0.17 प्रतिशत गिरकर 15,721.50 अंक पर बंद हुआ। 

    सेंसेक्स में शामिल शेयरों में पावर ग्रिड के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। इसमें एक प्रतिशत से अधिक की गिरावट रही। इसके साथ ही बजाजा फिनसर्व, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी, एनटीपीसी, एचयूएल और लार्सन एण्ड टुब्रो में भी गिरावट रही।  इसके विपरीत इन्फोसिस, रिलायंस इंडस्ट्रीज, नेस्ले इंडिया और मारुति के शेयरों में बढ़त दर्ज की गई। 

    रिलायंस सिक्युरिटीज में रणनीति प्रमुख बिनोद मोदी ने कहा, ‘‘घरेलू शेयर बाजारों में कारोबार की समाप्ति के अंतिम सत्र में मुनाफा वसूली के बिकवाली दबाव शुरुआती बढ़त जाती रही। वित्तीय शेयरों में बिकवाली से बाजार नीचे आ गया।” हालांकि, कारोबार के दौरान सूचना प्रौद्योगिकी, धातु और वाहन कंपनियों के शेयरों में खरीदारी देखगी गई। औषधि क्षेत्र की कंपनियां मजबूती में रही जबकि रिलायंस इंडस्ट्रीज ने भी बाजार को ज्यादा गिरने से बचाया। 

    एशिया के अन्य बाजारों में हांग कांग और टोक्यो नुकसान में रहे जबकि शंघाई और सोल के बाजार बढ़त के साथ बंद हुये। यूरोप के बाजारों में मध्याह्न तक नुकसान की स्थिति थी। उधर अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल के बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड का भाव 0.79 प्रतिशत बढ़कर 74.87 डालर प्रति बैरल पर पहुंच गया। (एजेंसी)