कचरा संकलन: फिर मिट्टी मिलाने की धांधली उजागर

  • BVG का जारी है गोरखधंधा, छापामारी में पकड़ी गई कारगुजारी
  • 03 ट्रकों में भरी जा रही थी मिट्टी

नागपुर. कचरा संकलन करने वाली भारत विकास ग्रुप (बीवीजी) कम्पनी के खिलाफ मनपा की सभा में आरोप लगने के बाद कम्पनी का ठेका रद्द करने की जांच समिति की ओर से सिफारिश की गई. इतना बड़ा फैसला लिए जाने के बावजूद न तो प्रशासन की ओर से कड़ा रुख लिया गया और न ही कम्पनी की कारगुजारी बंद हुई. इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि शुक्रवार की दोपहर अचानक मंगलवारी जोन अंतर्गत ट्रांसफर स्टेशन पर छापामारी में फिर कम्पनी द्वारा कचरे में मिट्टी मिलाए जाने की धांधली उजागर हुई. ट्रकों में कचरे के साथ मिट्टी मिलाते हुए देख स्थानीय लोगों ने वहां के जनप्रतिनिधि को फोन पर सूचना दी.

सूचना मिलते ही कांग्रेस नेता हरीश ग्वालबंशी ने तुरंत ट्रांसफर स्टेशन पहुंचकर वास्तविकता की जानकारी ली. मामला गंभीर देख सीधे अधिकारियों को फोन कर इसकी सूचना दी. अधिकारियों के आने से पहले कम्पनी की ओर से कहीं मामला साफ न किया जाए, इसके लिए पहले ही धांधली का वीडियो तक बना लिया गया.

कई नोटिस पचा चुकी है कम्पनी

-सूत्रों के अनुसार कचरा संकलन करने वाली पुरानी कम्पनी की कार्यप्रणाली पर आपत्ति जताते हुए पूरे शहर को 2 हिस्सों में विभाजीत कर 5-5 जोन के लिए 2 कम्पनियां नियुक्त की गई. 

-जिम्मेदारियां बंट जाने के बावजूद शुरुआत से ही इन कम्पनियों की कार्यप्रणाली संदेह के घेरे में रही है. कई बार कम्पनियों को कचरे में मिट्टी मिलाते हुए रंगेहाथ धरा गया. 

-जिसके बाद प्रशासन की ओर से नोटिस भी जारी किया गया लेकिन कम्पनी इस तरह के कई नोटिस पचा चुकी है. जानकारों का मानना है कि मनपा की ओर से नोटिस जारी करने के बाद कुछ जुर्माना की कार्रवाई की जाती है. 

-मनपा की इस कार्यप्रणाली से वाकिफ कम्पनियां उतना नुकसान उठाने के लिए तैयार रहती है. जितना जुर्मान भरा गया, उसे पूरा करने के लिए पुन: कचरे में मिट्टी मिलाकर वजन के अनुसार मनपा से निधि वसूल कर लेती है. इस तरह से कड़ी कार्रवाई के अभाव में मनपा का ही नुकसान होता जा रहा है.

विधायक ठाकरे भी उठा चुके है मसला

उल्लेखनीय है कि कुछ समय पहले विधायक विकास ठाकरे ने भी इस तरह की धांधली उजागर की थी. यहां तक कि उसकी पूरी वीडियोग्राफी कर मनपा आयुक्त को सौंपा गया था. मनपा आयुक्त से कार्रवाई की मांग की गई थी. इसके अलावा मनपा की सभा में पार्षदों की ओर से भी कम्पनी की कार्यप्रणाली पर आपत्ति जताए जाने के बाद जांच के लिए समिति का गठन किया गया था. समिति की रिपोर्ट में भी कार्यप्रणाली पर संदेह जताते हुए ठेका रद्द कर नई कम्पनियों का गठन करने का सुझाव मनपा आयुक्त को दिया गया था. किंतु मामला ठंडे बस्ते में चला गया. 

कम्पनी पर होगी कड़ी कार्रवाई

कचरे के साथ मिट्टी मिलाए जाने की खबर लगते ही तुरंत मंगलवारी जोन के पास के ट्रांसफर स्टेशन पर दस्तक दी गई. इस ट्रांसफर स्टेशन में कचरे के पास मिट्टी मिली है. जहां बीवीजी कम्पनी के 3 वाहन खड़े थे. बीवीजी कम्पनी के जोनल अधिकारी का कहना था कि सांसद क्रीड़ा महोत्सव के कारण डिस्ट्रिक्ट स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स को साफ किया जा रहा है. वहीं की मिट्टी यहां लाकर डाली गई थी. कम्पनी का कुछ भी बहाना हो लेकिन उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी. अब नोटिस दिया है. नोटिस का जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई होगी.

-डॉ. गजेन्द्र महल्ले, उपायुक्त, स्वास्थ्य विभाग.