Cold stress is increasing gradually

  • न्यूनतम तापमान 7.0, वर्धा 9.8 डिग्री सेल्सियस, बढ़ी ठिठुरन

यवतमाल. बदली का मौसम छंटते ही विदर्भ शीतलहर के चपेट में आ गया है. विदर्भ में यवतमाल जिला सर्वाधिक ठंडा रहा. सोमवार की रात हाड़ कंपकंपाने वाली ठंड महसूस की गई. सोमवार को तड़के इतनी जबरदस्त ठंड थी कि रोजाना मार्निंग वाक को निकलने वालों की संख्या में एकदम कमी महसूस की गई. रविवार को यवतमाल का न्यूतनम तापमान 7.0 डिसे रहा. वहीं वर्धा का न्यूनतम तापमान 9.8 डिसे रहा. दिसंबर के मध्य में हुई हल्की बारिश और बदली भरे वातावरण के चलते मौसम की स्थिति स्थिर बनी हुई थी. मौसम विभाग ने बादलों के छंटने के बाद जोरदार ठंड पड़ने का जो अनुमान लगाया था वह सटीक साबित हुआ. पिछले 2 दिनों से जिले भर में जोरदार ठंड पड़ रही है. पारा लगातार गिरने लगा है.

गोंदिया भी रहा सबसे ठंडा

पिछले 24 घंटे में विदर्भ में सबसे कम तापमान यवतमाल और गोंदिया जिलों का रहा. यहां 7 डिसे न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया. वहीं नागपुर में 8.4 डिसे, अकोला में 9.6 डिसे, वर्धा में 9.8 डिसे, चंद्रपुर में 10 डिसे, अमरावती में 11.1, बुलढाना 11.4 डिसे, ब्रम्हपुरी 10.3 डिसे, गड़चिरोली  10.4 डिसे और वाशिम जिले में 10 डिसे तापमान रहा.

और बढ़ेगी ठंड

इस वर्ष जिस तरह से औसतन वर्षा हुई, उससे इस वर्ष ठंड कहीं भी नजर नहीं आ रही थी. किंतु गत दिनों हुई बेमौसम बारिश के चलते पारा नीचे आ गिरा, जिसके चलते काफी ठंड बढ़ गई है. वर्तमान में शीतलहर को देखते हुए आने वाले दिनों में जोरदार ठंड पड़ने की संभावना मौसम विभाग ने जताई है. सर्दियों का मौसम आमतौर पर सितंबर के अंत से शुरू हो जाता है और जनवरी आते-आते यह अपने चरम पर होता है, परंतु इस वर्ष बीते 3 माह में कहीं भी ठंड का अनुभव नहीं हो रहा था. लेकिन गत 2 दिनों से मौसम में आए अचानक बदलाव से शीतलहर जारी है और पारा गिरता जा रहा है.