ठाणे में 2 से 12 जुलाई तक सख्त लॉक डाउन

दो दिनों की माथापच्ची के बाद आखिरकार मंगलवार को मनपा ने निकाला अध्यादेश 

ठाणे. मनपा प्रशासन और पुलिस विभाग के बीच दो दिनों की लंबी माथापच्ची के बाद आखिरकार मनपा प्रशासन ने ठाणे शहर को 10 दिनों के लिए संपूर्ण रूप से बंद करने का निर्णय लिया है. इस संदर्भ में मंगलवार की शाम मनपा आयुक्त डॉ. विपिन शर्मा ने अध्यादेश निकाला, जिसमें गुरुवार 2 जुलाई की सुबह 7 बजे से 12 जुलाई की सुबह 7 बजे तक ठाणे मनपा क्षेत्र को पूरी तरह से बंद करने का निर्णय लिया है. साथ ही इस कालावधि में शहर के सभी हॉटस्पॉट में सख्त पाबंदी रखा जाने वाला है. इस दौरान शहर में मेडिकल, डाक्टरों का क्लीनिक और दूध की दुकानों को छोड़कर सभी प्रकार की दुकानें बंद रहेंगी. 

ठाणे मनपा क्षेत्र पिछले 10 दिनों में कोरोना के संक्रमण को लेकर हॉटस्पॉट बन गया है. वर्तमान समय में मनपा क्षेत्र में कुल कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 8 हजार के पार पहुंच चुका है. जबकि करीब सवा तीन सौ मरीजों की इस बीमारी से मौत हो चुकी है.  वैसे अनलॉक होने के बाद ठाणे शहर में इस बीमारी ने और भयावह रूप धारण कर लिया है. प्रतिदिन 250 से 300 के ऊपर कोरोना के मरीज मिल रहे हैं. साथ ही शहर में अब इस बीमारी का नया हॉटस्पॉट बनता दिखाई दे रहा है. पहले जहाँ यह बीमारी मुख्यतः झोपड़पट्टी और घनी इमारतों वाले परिसरों में फैला था. अब यह वायरस रिहायिशी इलाकों, गगनचुंबी इमारतों और सोसायटियों में फ़ैल रहा है. शहर का कोई ऐसा हिस्सा नहीं है, जहां पर इस वायरस का संक्रमण नहीं हो रहा है. शहर का बालकुम, कोलशेत, मानपाडा, नौपाडा, कोपरी, वर्तकनगर आदि क्षेत्रों में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है. 

पिछले दो दिनों से मनपा आयुक्त और पुलिस आयुक्त के बीच चल रही थी चर्चा 

ठाणे में बढ़ रहे कोरोना के संक्रमण को कम करने के लिए शुरुवाती दौर में शहर के 20 स्थानों को चिन्हित कर हॉटस्पॉट घोषित कर लॉक डाउन करने पर सहमति बन रही थी. इस संदर्भ में मनपा आयुक्त विपिन शर्मा और पुलिस आयुक्त विवेक फणसलकर के बीच चर्चा हुई थी. लेकिन बात नहीं बन पा रही थी. इसी बीच सोमवार को शहर को पूर्णतः बंद करने पर भी बातचीत हुई थी. लेकिन पुलिस प्रशासन इसके लिए राजी नहीं थी. जिसके कारण लॉकडाउन के निर्णय को लेकर संभ्रम की स्थिति बनी हुई थी. आखिरकार मंगलवार को फिर से मनपा आयुक्त डॉ शर्मा और पुलिस आयुक्त फणसलकर के बीच चर्चा हुई और आयुक्त डॉ. विपीन शर्मा ने आयुक्त के रूप में मिले अधिकार का उपयोग करते हुए नया अध्यादेश निकाला और ठाणे शहर को पूर्णतः बंद करने का निर्णय लिया. 

 एक बार फिर ठहरा रहेगा ठाणे 

मंगलवार को मनपा प्रशासन द्वारा निकाले गए अध्यादेश के अनुसार गुरुवार, 2 जुलाई की सुबह 7 बजे से 12 जुलाई सुबह ७ बजे तक एक बार फिर अनलॉक 2 में ठाणे ठहर जाएगा. क्योंकि इस दौरान पूर्ति तरह से सख्त लॉकडाउन रहने वाला है. 

मॉर्निग वॉक और इवनिंग वॉक रहेगी बंद 

इस कालावधि में शहर के अंतर्गत रास्तों को पूरी तरह बैरिकेड्स लगाकर बंद रखा जाने वाला है. साथ ही प्रत्येक महत्व के स्पॉट पर पुलिस का कड़ा पहरा रहने वाला है. इसके आलावा शहर की किराना की दुकानें, अन्य सामानों की दुकानें, सब्जी मार्किट आदि बंद रखा गया है. साथ ही अनलॉक में मॉर्निग वॉक और इवनिंग वॉक करने वाले नागरिक अब 10 दिनों तक इसका लुफ्त नहीं उठा पाएंगे. इन्हें घर में ही रहकर योग और व्यायाम का सहारा लेना होगा. बाहर निकलने पर पूर्ति तरह पाबंदी रहेगी. अर्थात बिना किसी वजह के बाहर निकलने वाले नागरिकों को दंडात्मक कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है. 

अत्यावश्यक सामानों में सिर्फ मेडिकल, क्लीनिक और दूध की दुकानें रहेंगी खुली  

मनपा प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अत्यावश्यक और नाशवंत वस्तुओं को लाने और ले जाने के आलावा अन्य किसी भी सामान की ढुलाई पर रोक रहेगी. साथ ही इंटरसिटी, एसएसआयटीसी बसेस और मेट्रो सहित सभी प्रकार की सार्वजनिक परिवहन सेवा को अनुमति नहीं दी गई है. साथ में अत्यावश्यक सेवा के लिए काम करने वाले कर्मचारियों को इसमें आने-जाने के लिए छूट दी गई है. जबकि शराब की दुकानों को बंद रख सिर्फ होम डिलवरी की अनुमति दी गई है. इसके आलावा बैंक, एटीएम, प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, आयटी और आयटीईणस, टेलीकॉम, टपाल, इंटरनेट, और डेटासेवा,  आपूर्ति चैन सेवा व जीवनावश्यक वस्तुओं की ढुलाई व उपलब्धता, कृषि वस्तु और उत्पादने तथा सभी प्रकार के वस्तुओं का निर्यात और आयात, अन्न, फार्मास्युटीक्लस और वैद्यकीय उपकरणों सहित आवश्यक वास्तु का ई कॉर्मर्स, पालतू जानवरों की बेकरी आणि पशुवैद्यकीय प्रतिष्ठान, अस्पताल, फॉर्मसी और ऑप्टीकल स्टोअर्स, फार्मास्युटीकल और इसके व्यापारी तथा इसका यातायात, पेट्रोल पंप, एलपीजी गैस, तेल एजेन्सी और इन सभी के गोदाम और इससे संबधित प्रतिष्ठान का समावेश है. 

रिक्शा और टैक्सी भी बंद 

अनलॉक-1 के दौरान राज्य सरकार ने रिक्शा और टैक्सी को ड्रायवर और दो यात्रियों के साथ शहर में चलाने की अनुमति दी गई थी. लेकिन मनपा द्वारा लागू किये गए इस 10 दिनों के लॉकडाउन की कालावधि में रिक्शा और टैक्सी को बंद रखने का आदेश दिया है. साथ ही सर्व आंतराज्यीय बस और प्रवासी वाहतुक सेवा के (निजी वाहनों सहित) तथा निजी ऑपरेटर के पास से आदि कामकाज बंद रहने वाला है. 

घर में रहने पर सोशल डिस्टेंस का करना होगा कड़ाई से पालन 

जिस परिवार के किसी सदस्य को कोरोना हुआ है और उसके परिवार के अन्य सदस्य भी उसके संपर्क में आए है और घर में अकेले रहने की जगह है. ऐसे लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग का सख्ती से पालन करना होगा. साथ ही मनपा ने स्पष्ट किया है कि ऐसा न करने वालों को दंडात्मक कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है और जरूरत पड़ी तो उन्हें मनपा के क्वारंटीन सेंटर में रखा जाएगा. 

बिना अनुमति के नागरिक नहीं निकल सकते बाहर 

नागरिकों को अपने महत्वपूर्ण कामों के लिए मनपा प्रशासन अथवा पुलिस विभाग की अनुमति लेनी होगी. साथ ही सार्वजनिक स्थानों पर अत्यावश्यक कामों के लिए अथवा खरीददारी के लिए 5 से अधिक व्यक्तियों को एकत्रित होने पर प्रतिबंधित रखा गया है. व्यावसायिक प्रतिष्ठान कार्यालय, कारखाने, कार्यशाला, गोदाम, आदि सभी दुकानों का कामकाज इस कालावधि में बंद रहेगा. जबकि सरकारी कार्यालयों में इस कालावधि के दौरान कम से कम कमर्चारियों सहित ऑपरेट करने की अनुमति दी गई है और चेक काऊंटर के पास एक-दूसरे से 3 फुट का अंतर रखने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना अनिवार्य किया गया है.