Twitter Politics: NCP took a jibe at the central government, said - focus on vaccination instead of fighting with Twitter

    नई दिल्ली: शनिवार का दिन ट्विटर (Twitter) विरुद्ध भारत सरकार (Indian Government) की लड़ाई का रहा। उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू (Vainkaiah Naidu) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (Rashtriya Swayamsevak Sangh) के सरसंघचालक मोहन भागवत (Mohan Bhagwat) के निजी अकाउंट को अन वेरिफाइड  कर दिया। वहीं विरोध जताने के बाद दिर से उनके अकॉउंट को ब्लू टिक वापस लगाया दिया गया।

    इस एक्शन का कारण बताते हुए ट्विटर ने कहा कि, जिन लोगों का अकाउंट छह महीने से ज्यादा समय से सक्रिय नहीं है, या इस दौरान किसी भी प्रकार की गतिविधि जैसे, प्रोफाइल पिक्चर, स्टेटस अपडेट नहीं करते हैं तो उनके अकाउंट से ब्लू टिक हटा दिया जाता है। 

    ट्विटर द्वारा दिए कारण से लोग भड़क गए। उन्होंने राइट विंग और भारत विरोधी नीति के लिए अपनाने के लिए, और साजिशन तौर पर भेदभाव करने वाली नीति के खिलाफ उसी के एप पर क्लास लगा दी। इस दौरान यूजर्स  ने कई ऐसे लोगों के ट्विटर अकाउंट तस्वीरें शेयर की जिन्हे अपने कई सालों से अपने अकाउंट को अपडेट नहीं किया है। लेकिन फिर भी उनका ब्लू टिक नहीं हटाया गया। 

    जितेन गजरिया नमक यूजर ने ट्विटर पर हमला बोलते हुए कहा, “अजीब तरीके हैं ट्विटर। उनका कहना है कि अगर खाता 5 महीने से निष्क्रिय है तो वे किसी खाते का ब्लू टिक सत्यापन हटा देते हैं। तो फिर अहमद पटेल का भुत उनका अकाउंट चला रहा है?

    एक अन्य यूज़र ने रिया चक्रवर्ती का ट्विटर अकाउंट का स्क्रीन शार्ट को ट्वीट करते हुए ट्विटर पर तंज कसा. उन्होंने लिखा, “अरे नहीं तो यह खाता कल रात ही सक्रिय था…है ना”

    अविनाश श्रीवास्थाव नामक यूज़र ने ट्विटर से सवाल करते हु कहा, “अरे ट्विटर क्यों ये निष्क्रिय खाते अभी भी अवहेलना करते हुए सक्रिय हैं? क्या आप कृपया इस ट्विटर पॉलिसी को समझा सकते हैं?