India may reduce vaccine supply in the world in view of the increasing cases of corona infection in the world: Gavi
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पुणे. ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय (University of Oxford) द्वारा विकसित एवं सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) (Serum Institute of India) द्वारा उत्पादित कोविड-19 (Covid-19) के संभावित टीके का मानव पर तीसरे चरण का चिकित्सकीय परीक्षण (Clinical Trial) सोमवार को पुणे के सरकारी ससून जनरल अस्पताल (Sasun Government Hospital) में शुरू हुआ। वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी। ससून जनरल अस्पताल के डीन डॉ.मुरलीधर तांबे (Dean Murlidhar Tambe) ने बताया, ‘‘हमने संभावित टीके (कोविशील्ड) (Covishield) के तीसरे चरण का परीक्षण शुरू किया है। हम 150 से 200 स्वयंसेवकों को टीका लगाएंगें।”

दूसरे चरण के तहत इस टीके का परीक्षण भारती विद्यापीठ चिकित्सा महाविद्यालय और केईएम अस्पताल में किया गया था। उल्लेखनीय है कि ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय द्वारा विकसित इस टीके का उत्पादन करने में एसआईआई ब्रिटिश-स्वीडिश कंपनी एस्ट्राजेनेका की साझेदार है। इस महीने के शुरू में एसआईआई ने पूरे देश में टीके का परीक्षण रोक दिया था।

भारत के औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) ने 11 सितंबर को अगले आदेश तक एसआईआई द्वारा टीके के दूसरे एवं तीसरे चरण के चिकित्सकीय परीक्षण को अगले आदेश तक स्थगित करने का निर्देश दिया था। यह कदम एस्ट्राजेनेका कंपनी द्वारा एक स्वयंसेवी के अज्ञात कारणों से बीमार होने के बाद परीक्षण स्थगित करने के बाद उठाया गया था। हालांकि, डीसीजीआई ने 15 सितंबर को टीके का चिकित्सकीय परीक्षण दोबारा शुरू करने की अनुमति एसआईआई को दे दी थी। (एजेंसी)