गृहमंत्री अमित शाह ने उज्जवल योजना 2.0 की शुरुआत, कांग्रेस पर बोला बड़ा हमला

    जबलपुर: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit Shah) ने शनिवार को आरोप लगाया कि कांग्रेस (Congress) ने हमेशा जनजाति समाज का वोट लिया, लेकिन उनके कल्याण के लिए कभी कुछ नहीं किया, जबकि भाजपा (BJP) हमेशा जनजातियों के कल्याण के लिए कटिबद्ध है और प्रयासरत है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने कई तरीकों से जनजातीय वोटों के बंटवारे का प्रयास किया और यहां तक कि आजादी की लड़ाई में जनजातीय योद्धाओं के योगदान को भी भुला दिया।   

    शाह ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को जब-जब जनादेश मिला है, पार्टी ने जनजातीय समाज के कल्याण लिए हमेशा प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा की केंद्र एवं राज्य सरकारें वंचितों एवं जनजातियों के कल्याण के लिए समर्पित हैं। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि जो लोग अलग-अलग नाम, काम और बात से जनजातीय समाज को बांटने का प्रयास कर रहे हैं, उन्हें सफल नहीं होने दीजिए।     

    आजादी के अमृत महोत्सव पर मध्य प्रदेश के जबलपुर में स्वतंत्रता आंदोलन में अपना अतुलनीय योगदान देने वाले जनजातीय नायकों के सम्मान में आयोजित ‘जनजातीय गौरव समारोह’ को संबोधित करते हुए शाह ने यह बात कही।     

    नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा नीत सरकार की विभिन्न उपलब्धियों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, ‘‘जनजाति के लिए वार्षिक बजट 2013-14 में 4,200 करोड़ रुपये था। 2021-22 में इस बजट को बढ़ाकर 7,900 करोड़ रुपये, यानी करीब दोगुना कर दिया गया।”   

    उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने आदिवासी बहुल विकास खंडों में आवासीय विद्यालय खोलने का काम किया है और 167 स्कूल स्वीकृत कर दिए गये हैं, जबकि 250 से अधिक बनाने हैं।  उन्होंने कहा कि ‘ट्राइबल रिसर्च इंस्टीट्यूट’ की स्थापना मोदी जी की परिकल्पना है और ऐसे 27 इंस्टीट्यूट की स्थापना की जा रही है।     

    शाह ने कहा, ‘‘कांग्रेस के शासन के समय में नौ राज्यों की केवल 10 वन उपजों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) के तहत कवर किया गया है। मोदी सरकार आने के बाद सभी राज्यों की 49 उपजों को एमएसपी पर खरीदने की शुरुआत हुई है।”   

    शाह ने आजादी के अमृत महोत्सव पर देश और धर्म की रक्षा के लिए प्राणों की आहूति देने वाले जनजातीय नायक अमर शहीद राजा शंकर शाह और उनके पुत्र कुंवर रघुनाथ शाह के 164वें बलिदान दिवस पर आज जबलपुर के मालगोदाम चौक पहुंचकर यहां स्थापित उनकी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।     

    उन्होंने कहा कि 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में राजा शंकर शाह व कुंवर रघुनाथ शाह ने अपने साहस से जन-जन में स्वाधीनता की अलख जगाई, जिसके लिए अंग्रेजी हुकूमत ने उन्हें तोपों से बांधकर उनकी निर्मम हत्या कर दी।     

    शाह ने कहा, ‘‘मातृभूमि के लिए राजा शंकरशाह व कुंवर रघुनाथ शाह जी का बलिदान हमें सदैव प्रेरणा देता रहेगा।” उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने निर्णय लिया है कि देश भर में जनजातीय संग्रहालय बनाए जाएंगे और लगभग 200 करोड़ की लागत से ऐसे 9 संग्रहालयों की स्थापना की परिकल्पना की गई है तथा 110 करोड़ रूपए खर्च भी किए जा चुके हैं।(एजेंसी)