Policeman hit couple with vehicle, case registered

    पुणे: नियंत्रित विस्फोट (Controlled Explosion) के बाद पुलिस (Police) ने पुणे (Pune) में चल रहे एक आवासीय परियोजना के ठेकेदार (Contractor) के खिलाफ मामला दर्ज (Case Registered) किया है। दरअसल पुणे के सुस इलाके में विस्फोट के बाद साइट के आसपास आवासीय इमारतों और गाड़ियों के कांच के शीशे क्षतिग्रस्त हो गए। इस बीच, पुणे महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (पीएमआरडीए) द्वारा एक अलग जांच शुरू की गई है।

    मामले में हिंजवडी पुलिस स्टेशन में वैशाली पाटकर, एक सामाजिक कार्यकर्ता और बेला कासा हाउसिंग सोसाइटी की निवासी द्वारा प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। उनकी शिकायत के अनुसार, निर्माण स्थल पर एक नियंत्रित विस्फोट किया गया। विस्फोट से बगल के बेला कासा और वेस्टर्न हिल्स फेज-1 और 2 की खिड़की के शीशे टूट गए।

    नहीं किया गया मापदंड का पालन

    शिकायत के मुताबिक विस्फोट ने कुछ कारों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया। आरोप है कि विस्फोट को अंजाम देते समय किसी मापदंड का पालन नहीं किया गया जो मानव जीवन के लिए भी खतरा था, विस्फोट के समय पूरी तरह से लापरवाही बाराती गई।

    IPC की धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज

    रहवासियों द्वारा पीएमआरडीए और पुलिस से संपर्क करने के बाद ठेकेदार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने कहा कि उन्होंने ठेकेदार के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 336 (मानव जीवन या दूसरों की व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालने के लिए लापरवाही या लापरवाही से काम करना) और 286 (विस्फोटक पदार्थ के संबंध में लापरवाही पूर्ण आचरण) लागू किया है।

    जांच होने तक निर्माण कार्य पर लगी रोक 

    पीएमआरडीए के एक अधिकारी ने कहा कि रियल एस्टेट डेवलपर को खनन की अनुमति देने वाले सभी जरूरी दस्तावेज जमा करने का निर्देश दिया गया है। वे दस्तावेजों के माध्यम से जांच करेंगे। किसी भी उल्लंघन के खिलाफ कार्रवाई करेंगे और तब तक डेवलपर को निर्माण स्थल पर काम रोकने के लिए कहा गया है।