Farmers protest

नयी दिल्ली. भाजपा ने शनिवार को कहा कि कांग्रेस किसानों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन को ‘खूनखराबे’ में बदलना चाहती है। उसने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के मौके पर राज्य में आयोजित कार्यक्रम में भाजपा कार्यकर्ताओं पर हमला करवाया।

भाजपा महासचिव दुष्यंत गौतम ने कहा कि लुधियाना से कांग्रेस के सांसद रवनीत सिंह बिट्टू ने मीडिया में बयान दिया कि किसानों का प्रदर्शन खत्म नहीं होगा और “अपने लक्ष्य को पाने के लिए हम लाशों के ढेर लगा देंगे, खून बहाएंगे और किसी भी हद तक जाएंगे”।

गौतम ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, “आने वाले दिनों में यदि कोई खून खराबा होता है, किसी की जान जाती है तो उसके लिए कांग्रेस और वाम दल जिम्मेदार होंगे।” उन्होंने यह भी कहा कि वाजपेयी की जयंती पर बठिंडा में शुक्रवार को आयोजित कार्यक्रम में भाजपा कार्यकर्ताओं, आम लोगों और किसानों पर हमला किया गया जिसमें पार्टी के अनेक कार्यकर्ता घायल हो गए।

गौतम ने कहा कि वे लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन सुन रहे थे जब “पंजाब सरकार ने स्थानीय पुलिस की मदद से उन पर लोहे की छड़ों से हमला किया। कई लोगों को गंभीर चोटें आईं।”

उन्होंने कहा कि राज्य की पुलिस ने ऐसा बर्ताव किया जैसे कि वह ‘कांग्रेस की पुलिस’ हो। उन्होंने आरोप लगाया, “किसी को रोका नहीं गया, कार्यक्रम स्थल पर तंबू को उखाड़ कर फेंक दिया गया और वहां इकट्ठा हुए लोगों को पिछले दरवाजे से बाहर चले जाने को कहा गया।”

पंजाब पुलिस ने शुक्रवार को कहा था कि किसानों के एक समूह ने भाजपा द्वारा आयोजित कार्यक्रम स्थल पर लूटपाट की। हालांकि कार्यक्रम स्थल पर मौजूद कुछ किसानों ने दावा किया कि घटना के पीछे किसानों का नहीं बल्कि ‘असामाजिक तत्वों’ का हाथ है।

पुलिस ने कहा कि कुछ लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संबोधन सुन रहे थे जब किसानों का एक समूह वहां नारे लगाते हुए पहुंचा और उन्होंने वहां लूटपाट की, कुर्सियां तथा एलईडी सिस्टम तोड़ दिया। (एजेंसी)