ramdas kadam

    मुंबई:  परिवहन मंत्री एड. अनिल परब से के खिलाफ वायरल (Viral) हुई ऑडियो क्लिप (Audio Clip) शिवसेना नेता रामदास कदम (Ramdas Kadam) के लिए गले की हड्डी बन गयी है। विधान परिषद की सदस्यता जाने के बाद शिवसेना (Shiv Sena) ने अब उन्हें एक और झटका दिया है। मुख्यमंत्री और शिवसेना पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के निर्देश पर रत्नागिरी जिले में कदम और उनके विधायक पुत्र योगेश कदम के समर्थक पदाधिकारियों को बाहर का रास्ता दिखाया गया है। साथ ही शिवसेना ने रत्नागिरी जिले में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी से गठजोड़ कर स्थानीय निकायों का चुनाव लड़ने की तैयारी की है। इस संदर्भ में एनसीपी सांसद सुनील तटकरे और मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के बीच चर्चा हुई है।

    महाविकास आघाड़ी सरकार में शामिल नहीं किए जाने से शिवसेना नेता रामदास कदम नाराज चल रहे थे, लेकिन परिवहन मंत्री अनिल परब के खिलाफ एक ऑडियो क्लीप  वायरल होने के बाद कदम पार्टी अध्यक्ष ठाकरे की नजर में आ गए। कदम ने ऑडियो क्लीप को लेकर सफाई दी थी इसके बावजूद उनका विधान परिषद का टिकट काट कर वरली के सुनील शिंदे को दे दिया गया। 

    नए पदाधिकारियों की नियुक्तियों की घोषणा

    अब रत्नागिरी में उनके समर्थकों को कार्यकारिणी से बाहर का रास्ता दिखाया गया है। शिवसेना ने रत्नागिरी जिले में शिवसेना के नए पदाधिकारियों की नियुक्तियों की घोषणा की है।  इस फैसले के बाद यह संदेश देने का प्रयास किया गया है कि शिवसेना में पार्टी को धोखा देने वालों के लिए कोई जगह नहीं है।  शिवसेना पार्टी अध्यक्ष ने एक बार फिर यह करके दिखाया है।