प्रयागराज हिंसा के आरोपी समर्थन में खड़ा हुआ जेएनयू छात्र संघ, बुलडोजर कार्रवाई के खिलाफ किया प्रदर्शन

    प्रयागराज: जुमे के दिन हुई हिंसा के मास्टर माइंड जावेद अहमद पंप के खिलाफ उत्तर प्रदेश सरकार ने कड़ा रुख अपना लिया है। रविवार को प्रयागराज विकास प्राधिकरण ने करेली क्षेत्र में बने जावेद के घर पर बुलडोजर चला किया। वहीं अब इस मामले में जवाहरलाल नेहरू छात्र संघ भी कूद गया है, उसने आरोपी पिता-पुत्री का समर्थन करते हुए बुलडोजर कार्रवाई का विरोध किया है। 

    बड़ी संख्या में लेफ्ट समर्थक संगठन शाम छह बजे साबरमती हॉस्टल के पास जमा हुए और कार्रवाई के खिलाफ जोरदार नारे लगाए और अपना विरोध दर्ज कराया। ज्ञात हो कि, हिंसा में जावेद की बेटी आफरीन जेएनयु की पूर्व छात्र है इसी के साथ वह लेफ्ट एक्टिविस्ट भी है। पुलिस जाँच में यह पता चला है कि, हिंसा की साजिश में वह भी शामिल है, जिसको लेकर पुलिस भी उसे गिरफ्तार कर सकती है। इसी को लेकर भी लेफ्ट छात्रों के संगठन ने प्रदर्शन की चेतवानी दी है। 

    आफरीन के समर्थन में शशि थरूर 

    आफरीन के समर्थन में शशि थरूर ने ट्वीट किया है। थरूर ने ट्वीट में लिखा, जेएनयू से आ रही इस खबर को लेकर हैरान हूं कि छात्रा के परिवार का घर गिरा दिया गया है। कानून की नियत प्रक्रिया के तहत कार्रवाई लोकतंत्र में मौलिक अधिकार है। घर गिराने की कार्रवाई किस कानून के तहत और किस प्रक्रिया का पालन करते हुए की गई है? क्या यूपी ने खुद को भारत के संविधान से छूट दे दी है?