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    नाशिक : नेताओं (Leaders) के चुनावी दौरे (Election Tours), भव्य प्रचार रैलियां (Grand Campaign Rallies), रोड शो (Road Show) , चौक रैलियां, घर-घर बैठकें, नामांकन (Nominations) दाखिल करते समय ताकत का प्रदर्शन और निर्वाचित होने के बाद जीत का जुलूस यह सभी दृश्य चुनाव के दिनों के दौरान दिखाई देते हैं। लेकिन इस बार के नाशिक महानगरपालिका चुनाव में ऐसे दृष्य नहीं दिखाई देंगे। कारण कोरोना की पृष्ठभूमि में होने वाले चुनावों के लिए चुनाव आयोग ने विशेष सुचना घोषित करके अनेक प्रकार के निर्बंध लगा दिए हैं। एैसे में इस बार महानगरपालिका चुनाव शांति से होंगे। ऐसे में आगामी चुनाव राजनीतिक दलों के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होने वाला है।

    पिछले करीब 2 साल से लोग कोरोना के डर में रह रहे हैं। सरकार समय-समय पर नियमों में बदलाव कर आदेश जारी कर रही है। प्रशासन के अनुसार शादी समारोह हो या आंदोलन सभी के लिए कई प्रकार की रुकावटें लगा दी गई हैं। अब नाशिक महानगरपालिका के चुनाव भी सामने आ गए हैं। वहीं दूसरी ओर कोरोना की तीसरी लहर के जोर पकड़ने की चर्चा भी हो रही है। इस पृष्ठभूमि के खिलाफ, राज्य चुनाव आयोग ने हाल ही में चुनावों के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं। इसी के तहत आगामी चुनाव कराए जाएंगे। केवल वे लोग जिन्होंने कोरोना टीकाकरण की दोनों खुराकें ली हैं या जिनका 48 घंटे के भीतर RTPCR के लिए परीक्षण किया गया है और प्रभावित नहीं हुए हैं, उन्हें मतगणना केंद्र में प्रवेश मिलेगा। इतना ही नहीं चुनाव प्रचार, जनसभा भी अधिकतम 50 लोगों की उपस्थिति तक ही सीमित है। ऐसे में आगामी चुनाव राजनीतिक दलों के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होने वाला है।

    नाशिक महानगरपालिका और अन्य नगर निगमों के आम चुनाव 2022 में होंगे, लेकिन किस माह में यह तय नहीं किया गया है। इस चुनाव पर कोरोना की तीसरी लहर का प्रभाव है। राज्य चुनाव आयोग ने मरीजों की बढ़ती संख्या और सरकार द्वारा लगाई गई पाबंदियों को देखते हुए आगामी स्थानीय निकाय चुनाव के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके अनुसार ये निर्देश मतदाताओं के साथ-साथ चुनाव में शामिल लोगों को छोड़कर पूरी चुनाव प्रक्रिया में भाग लेने वाले सभी व्यक्तियों को जारी किए गए हैं। ऐसे सभी व्यक्तियों को चुनाव के प्रत्येक चरण में फेस मास्क पहनना आवश्यक होगा। साथ ही सामाजिक दूरी की बाध्यता का पालन करना होगा। चुनाव के लिए नियुक्त किए गए सभी अधिकारियों और सेवकों के टीकाकरण के दोनों डोस पूरे होना जरुरी है। दूसरा टीका चुनाव से पहले लगा लेना जरुरी है। दोनों डोज लेने वाले पोलिंग एजेंटों को ही मतदान केंद्रों में प्रवेश की अनुमति होगी।

    केवल 48 घंटे के भीतर दोनों खुराक लेने वाले व्यक्तियों को मतदान केंद्रों प्रवेश

    चुनाव आयोग ने निर्देश दिया है कि केवल 48 घंटे के भीतर दोनों खुराक लेने वाले या आरटीपीसीआर परीक्षण, एंटीजन परीक्षण और अप्रभावित व्यक्तियों को मतदान केंद्रों और मतगणना केंद्रों में प्रवेश करने की अनुमति दी जाएगी। सभी व्यक्तियों के लिए मतदान केंद्र में प्रवेश करते समय अपने तापमान की जांच करना, यानी थर्मल स्कैन और सेनिटाइज करना अनिवार्य होगा। निवारक उपायों के कार्यान्वयन की निगरानी के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने के लिए महानगरपालिका कमिश्नर, जिला कलेक्टर को निर्देश दिए गए हैं। कोरोना प्रभावित मतदाता या जिनके शरीर का तापमान दो बार जांच के बाद भी निर्धारित मानदंडों से ऊपर पाया गया, उन्हें मतदान बंद होने से एक घंटे पहले वोट डालने की अनुमति दी जाएगी।