भूमिपुत्रों को कंपनी में जब तक नौकरी नही, तब तक अनशन शुरू रहेगा, वासुदेव विधाते का पत्र परिषद में  प्रतिदान

    मुकूटबन. स्थानीय आरसीसीपीएल कंपनी एड एमपी बिर्ला ग्रुप सिमेंट कंपनी के खिलाफ स्थानीय परिसर के किसानों ने पिछले तेराह दिनों से प्रकल्पग्रस्त भूमिपुत्रों को कंपनी में पात्रता के अनुसार नौकरी देने मांग को लेकर अनशन शुरू किया है. इस तेराह दिनों के बीच आंदोलनकर्ता ओर कपंनी के बीच बैठक शुरू  लेकिन इसमें कोई हाल नही निकाल पाया.

    इस अनशन के दौरान प्रगतशील किसान  वासुदेव विधाते  ने  पत्र परिषद में प्रकल्पग्रस्त भूमीपुत्रों को कपंनी में के वेतन व पात्रता के अनुसार  नौकरी पर नही लेते तब तक अनशन शुरू रहने का प्रतिदान किया. 

     तहसील के 134 किसानों ने 434 एकड (17 हेक्टर) खेती दस वर्ष पहले आरसीसीपीएल एड एमपी बिर्ला ग्रुप सिमेंट कंपनी को बचे दी. चार वर्ष से  आरसीसीपीएल एड एमपी बिर्ला ग्रुप सिमेंट कंपनी के चार हजार कामगारों समेत काम युद्ध स्तर से शुरू किए  आनेवाले कुछ दिनों में यह कंपनी  उत्पादन  करनेवाला है. 

    चार वर्ष से स्थानीय किसान के बेटे को कंपनी में काम पर लेने से वंचित रखा. सिमेंट कंपनी में काम करने के लिए जितनी शिक्षा चाहिए उतनी शिक्षा स्थानीय युवकों के पास है.  लेकिन स्थानीय कंपनी इन भूमिपूत्रों को काम पर नही ले रहे है. इस कंपनी में स्थानीय बेरोजगारों को कंपनी में हक्क की नौकरी ना मिलने की वजह से बेरोजगार  किसान पुत्रों ने सिमेंट प्रकल्प खिलाफ गुरुवार 30 दिसंबर से आंदोलन कर  रहे है. 

    कंपनी भूमिपुत्रों को काम पर नही लेता तो किसान के बेटे ठेकेदार के कपंनी में काम नही करेगें.  जब तक कंपनी किसान पुत्रों को काम पर नही लेता तब तक अनशन शुरू रखने की चेतावनी इस पत्र परिषद में दिया.